सहारनपुर। चार दिन से पाइपलाइन फटने की वजह से कई कॉलोनियों में जलापूर्ति प्रभावित रही। ठीक से प्रेशर के साथ पानी नहीं पहुंचने से लोग परेशान रहे। लगातार पानी बहने से हजारों लीटर पानी बर्बाद हो गया। पानी इतना बहा है कि आम के बाग की सिंचाई हो गई।
शकलापुरी मार्ग पर विश्वासनगर के पास भारी वाहन का वजन नहीं झेल पाने की वजह से पेयजल का पाइप लंबा फट गया। इसकी वजह से तेज प्रेशर के साथ लगातार चार दिन तक पानी बहता रहा। इसकी वजह से विश्वासनगर सहित आसपास की दो अन्य नई कॉलोनियों में पानी प्रेशर के साथ नहीं पहुंचा। कम पानी आने की वजह से लोगों को परेशानी हुई, लेकिन इससे भी अधिक दुख पानी के बर्बाद होने का है।
हजारों लीटर पानी बहकर आम के बाग में फैल गया। पाइप लाइन 30 फीट के दायरे में दो जगह से फटी नजर आई। स्थानीय निवासी संदीप और अरुण का कहना है कि पाइप बेहद कमजोर है, जो अक्सर फट जाता है। उधर, जलकल विभाग के अधिशासी अभियंता वीबी सिंह ने बताया कि पाइपलाइन फटे होेने की सूचना मिलते ही संबंधित अवर अभियंता को निर्देशित किया गया। अवर अभियंता ने रविवार का अवकाश होने के बावजूद मौके पर जाकर पाइप लाइन को ठीक कराया है।
- नियमानुसार नहीं डाली गई पाइपलाइन?
अमृत योजना के तहत जल निगम ने चार साल पहले कई वार्डों में पाइपलाइन डाली थी। जल निगम ने करीब ढाई से तीन फट गहराई पर पाइप रखने से पहले रोडी तथा रेत और सीमेंट का मिश्रण डालकर बेस बनाया था। उसके बाद काले रंग का मोटा पाइप बिछाकर उसके ऊपर ईंटें रखीं। लेकिन शकलापुरी मार्ग पर करीब दो किलोमीटर तक सफेद पाइप डाला गया है, जो जमीन में करीब एक से डेढ़ फीट गहराई पर ऐसे ही रखा गया है। वाहनों का दबाव नहीं झेलने के कारण पाइप अक्सर फट जाता है। स्थानीय लोगों का आरोप है कि पाइप बेहद कमजोर है।