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ढाबा मालिक और नौकर की हत्या में सिपाही को उम्रकैद

Fri, 19 Apr 2019 11:21 PM IST
Prag Gupta ब्यूरो, सहारनपुर
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कोर्ट - फोटो : file photo
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चार साल पूर्व सहारनपुर में रेलवे स्टेशन के पास ढाबा संचालक और उसे नौकर की गोली मारकर हत्या करने के मामले में जिला एवं सत्र न्यायाधीश की कोर्ट ने आरोपी सिपाही को आजीवन कारावास और एक लाख रुपये अर्थदंड से दंडित किया है। खाना खाने के बाद पैसे मांगने के विवाद पर सिपाही ने वारदात को अंजाम दिया था। आरोपी सिपाही कपिल मलिक बागपत जनपद के बड़ौत का रहने वाला है।

 

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शहर के रेलवे स्टेशन के पास स्थित शेर-ए-पंजाब ढाबे पर 27 अक्तूबर 2015 की रात लगभग सवा दस बजे डीएम की गारद में तैनात सिपाही कपिल मलिक निवासी आदर्श नगर बड़ौत (बागपत) अपने एक साथी के साथ खाना खाने के लिए गया था। सहायक शासकीय अधिवक्ता अजय राठौर ने बताया कि खाने के पैसे को लेकर ढाबा मालिक शिवकुमार सेठी उर्फ भोला से कपिल मलिक का झगड़ा हो गया था।
 

उस दौरान मामला शांत हो गया था, लेकिन थोड़ी देर बाद कपिल पुलिस की वर्दी पहनकर आया और शिवकुमार सेठी के सिर में गोली मार दी। उसे बचाने के लिए आए नौकर हिटलर हुसैन को भी कपिल ने गोली मार दी थी। जिसमें दोनों की मौत हो गई थी। इसके बाद कपिल ने भागने का प्रयास किया तो रेलवे स्टेशन के पास ही लोगों ने उसे पकड़ लिया था और पुलिस के हवाले कर दिया था। 

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मामला जिला जज राजीव शर्मा के न्यायालय में चला। पत्रावलियों का अवलोकन करने के बाद साक्ष्य एवं गवाहों के आधार पर अदालत ने शुक्रवार को आरोपी सिपाही कपिल मलिक को दोषी पाते हुए आजीवन कारावास की सजा सुनाई है। कोर्ट ने आरोपी को एक लाख रुपये के अर्थदंड से भी दंडित किया है। 


270 रुपये को लेकर हुआ था विवाद


सहारनपुर। रेलवे स्टेशन के पास ढाबे पर 27 अक्तूबर 2015 की रात लगभग सवा दस बजे सिपाही और ढाबा मालिक में खाने के मात्र 270 रुपये को लेकर विवाद हुआ था। बताया जाता है कि जिस समय सिपाही कपिल ढाबे पर अपने साथी के साथ खाना खाने के लिए आया था, उस समय वह सादे कपड़ों में था।
 

विवाद होने पर उसने खुद को सिपाही बताते हुए रौब गालिब करते हुए खाने के पैसे कम करने को कहा था। लेकिन ढाबा मालिक ने पैसे कम करने से इंकार कर दिया था। इसी को लेकर गाली गलौज हो गई थी। बाद में वर्दी पहनकर पहुंचे सिपाही ने पिस्टल से भोला और नौकर हिटलर हुसैन को गोली मार दी थी। अस्पताल ले जाते समय भोला और हिटलर की मौत हो गई थी।


फैसले का दबाव बनाने के लिए गवाह पर की थी फायरिंग
आरोपी सिपाही कपिल के खिलाफ हत्या का मुकदमा भोला की पत्नी कविता सेठी ने 28 अक्तूबर 2015 को सदर कोतवाली में दर्ज कराया था, जबकि भोला का भतीजा सुमित गवाह था। आरोप है कि कपिल ने मुकदमे में समझौता करने के लिए दबाव बनाया था। इसी के चलते अक्तूबर 2016 में कपिल पक्ष के लोगों ने ढाबे पर बैठे भोला के भतीजे सुमित पर फायरिंग की थी। जिसमें गोली लगने से सुमित घायल हो गया था। इस मामले में भी सदर कोतवाली में जानलेवा हमले की रिपोर्ट दर्ज कराई गई थी। 

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