देवबंद। पश्चिम प्रदेश मुक्ति मोर्चा व भारतीय किसान यूनियन (वर्मा) के प्रतिनिधिमंडल ने सोमवार को जमीयत उलमा-ए-हिंद के अध्यक्ष अरशद मदनी से उनके आवास पर मुलाकात की। प्रतिनिधिमंडल का नेतृत्व कर रहे संगठन के राष्ट्रीय अध्यक्ष भगत सिंह वर्मा ने मौलाना मदनी को बताया कि उत्तर प्रदेश बड़ा राज्य होने के कारण गरीबी महंगाई भ्रष्टाचार, बेरोजगारी, अव्यवस्था व गुंडागर्दी की चपेट में है।
उत्तर प्रदेश की 25 करोड़ जनता की उन्नति के लिए उत्तर प्रदेश का चार भागों में बंटवारा करके पृथक पश्चिम प्रदेश का निर्माण होना जरूरी है। उन्होंने कहा कि गन्ने की बढ़ती लागत को देखते हुए गन्ना मूल्य 700 रुपये क्विंटल घोषित होना चाहिए।
मौलाना मदनी ने कहा कि राज्य की उन्नति के लिए उत्तर प्रदेश का विभाजन होना चाहिए। उत्तर प्रदेश के विभाजन के लिए पूर्व प्रधानमंत्री चौधरी चरण सिंह भी सहमत थे। मोदी व योगी सरकार को अन्नदाता किसानों से वार्ता करके उनकी समस्याओं का समाधान कराना चाहिए। प्रतिनिधिमंडल में संगठन के राष्ट्रीय सलाहकार हाफिज मुर्तजा त्यागी, राजेंद्र चौधरी, आसिम मलिक, अंशुल चौधरी व सुमित वर्मा आदि रहे।