सहारनपुर। गृहकर एवं जलकर वसूली बढ़ाने के लिए राज्य सरकार ने नगर निकायों में एकमुश्त समाधान योजना (ओटीएस) लागू की है। योजना के पालन में नगर निगम सहारनपुर प्रदेश रैंकिंग में अच्छी स्थिति में है, लेकिन योजना के तहत प्राप्त आवेदनों के निस्तारण में ढिलाई बरती जा रही है। ऐसे में नगर आयुक्त शिपू गिरि ने सभी संबंधित अधिकारियों की जिम्मेदारी तय करते हुए आवेदनों का समयबद्ध तरीके से निस्तारण करने के निर्देश दिए हैं।
एकमुश्त समाधान योजना में बकायेदार एकसाथ या किस्तों में अपना कर जमा करा सकते हैं। ऐसा करने पर उन्हें ब्याज नहीं देना पड़ेगा। सरकार की इस योजना से एक ओर जहां बड़े बकायेदारों को लाभ होगा, वहीं नगर निगम की आय भी बढ़ेगी। 25 अगस्त तक नगर निगम में 186 बकायेदारों के स्तर से आवेदन किए गए हैं। इनमें से 68 आवेदन अधिकारियों के स्तर से लंबित हैं, जिनके द्वारा निस्तारण नहीं किया जा रहा है। बाकी 114 आवेदन आवेदनकर्ताओं के स्तर से लंबित हैं। ऐसे में मात्र चार ही आवेदन स्वीकृत हो सके हैं। नगर आयुक्त शिपू गिरि ने इस पर नाराजगी व्यक्त की है। साथ ही उन्होंने मुख्य कर निर्धारण अधिकारी, जोनल अधिकारी, अपर नगर आयुक्त प्रथम की जिम्मेदारी तय करते हुए आवेदनों के निस्तारण में तेजी लाने के निर्देश दिए हैं।
अधिकारी और उनके द्वारा लंबित आवेदन
अधिकारी का नामलंबित आवेदन
सुधीर शर्मा, कर अधीक्षक-45
आशुतोष गुप्ता, कर अधीक्षक-15
मनीष चौहान, प्रभारी कर अधीक्षक-06
जेपी यादव, सहायक नगर आयुक्त-02