नकुड़/गंगोह। दुष्कर्म के दो अलग-अलग मामलों में पुलिस ने पीड़िताओं का चिकित्सीय परीक्षण कराते हुए आरोपियों को गिरफ्तार कर कोर्ट में पेश किया। वहां से दोनों आरोपियों को जेल भेज दिया गया।
नकुड़ के एक गांव निवासी युवक ने कोतवाली में दर्ज कराई रिपोर्ट में बताया कि शुक्रवार दोपहर उसकी बहन घर में अकेली थी। इसी दौरान गांव का ही एक युवक दीपक उर्फ मोनू जबरन घर में घुस आया और उसकी बहन के साथ मारपीट करते हुए डरा-धमका कर जबरन दुष्कर्म किया। किसी को बताने पर जान से मारने की धमकी देकर भाग गया। बताया कि जब वह घर पहुंचे तो उनकी बहन बदहवास हालत में डरी सहमी हुई थी। पीड़िता ने घटना की जानकारी परिजनों को दी। इसके बाद परिजन पीड़िता को लेकर कोतवाली पहुंचे। सीओ रुचि गुप्ता ने बताया कि पुलिस ने आरोपी के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कर उसे गिरफ्तार कर लिया गया।
उधर गंगोह पुलिस ने बताया कि पीड़िता के पिता द्वारा 30 जनवरी को कोतवाली में तहरीर दी गई थी। इसमें बताया कि वह और आरोपी गांव खानपुर गुर्जर निवासी आजम ईंट-भट्टे पर मजदूरी करते हैं। आरोपी काम के सिलसिले में उनके घर आता-जाता था। आरोपी ने 26 जनवरी घर में अकेली पाकर उसकी नाबालिग बेटी के साथ जबरन दुष्कर्म किया था। घटना की जानकारी देने पर उसे जान से मारने की धमकी भी दी थी। इससे पूर्व दो माह पहले भी आरोपी बेटी के साथ दुष्कर्म कर चुका है। तब आरोपी के भय से बेटी ने किसी को कुछ नहीं बताया था। इससे उसके हौंसले बढ़ गए थे। पुलिस ने तहरीर के आधार पर प्राथमिकी दर्ज कर आरोपी को गंगोह-सहारनपुर रोड स्थित निर्माणाधीन हाईवे के पास से गिरफ्तार कर लिया।