सहारनपुर। कोतवाली सदर बाजार पुलिस ने दो महिलाओं सहित चार आरोपियों को 1.35 लाख के नकली नोटों के साथ गिरफ्तार किया, जबकि दो आरोपी फरार हो गए। आरोपी स्कैनिंग कर प्रिंटर के जरिए नोट तैयार कर 50 प्रतिशत मुनाफे पर बेचते थे।
एसएसपी आकाश तोमर ने बताया कि बुधवार की रात एक सूचना के आधार पर कोतवाली सदर बाजार इंस्पेक्टर हरेंद्र सिंह व अभिसूचना विंग की टीम ने खलासी लाइन से बोबी पुत्र देवेंद्र निवासी गांव तमेलागढ़ी थाना दोघट जनपद बागपत, जोगिंदर कुमार पुत्र कल्याण सिंह निवासी ग्राम अथाई थाना भोपा जिला मुजफ्फरनगर, शारदा पत्नी संदीप शर्मा निवासी ज्वालानगर सिटी कोतवाली सहारनपुर व ममता चौधरी पत्नी चमन सिंह निवासी गांव टपरी कोतवाली देहात को गिरफ्तार किया, जबकि कविंद्र पुत्र जय प्रकाश निवासी गांव तमेलागढ़ी थाना दोघट व हरेंद्र निवासी गांव काठा जनपद बागपत फरार हो गए। आरोपियों के पास से पांच-पांच सौ, दो-दो सौ और सौ-सौ रुपये के 1.35 लाख नकली व 5370 रुपये के असली नोट बरामद हुए हैं। इसके अलावा पांच मोबाइल फोन भी मिले हैं। आरोपियों ने पुलिस के पूछताछ में बताया कि वह 50 प्रतिशत पर नकली नोट बेचते थे।
गैंग लीडर है बोबी
आरोपी बोबी गैंग लीडर होने के साथ मास्टरमाइंड है। बोबी ही कविंद्र और हरेंद्र के साथ मिलकर असली नोट को स्कैन कर प्रिंटर के जरिए सादे कागज पर ही नकली नोट बनाना था। इसके बाद अन्य आरोपी के जरिए नोट बेचे जाते थे।
आसपास के जिलों तक फैला है नेटवर्क
आरोपियों का नेटवर्क देहरादून, यमुनानगर, मुजफ्फरनगर, शामली, बागपत व मेरठ तक फैला है। सहारनपुर के अलावा इन जिलों में आरोपी नकली नोट सप्लाई करते थे।
नोट खरीदने वाले भी रडार पर
पुलिस ने नकली नोट तैयार कर बेचने वाले आरोपियों को दबोच ल-िया, लेकिन किन-किन लोगों ने नकली नोट खरीदे हैं, इस बारे में अभी पता नहीं लग पाया है। एसएसपी ने बताया कि जांच की जा रही है। नकली नोट खरीदने वालों और फरार आरोपियों को जल्द गिरफ्तार किया जाएगा।