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बुखार या कोरोना : पंचायत चुनाव के बाद सहारनपुर के इस गांव में से हर दिन हुई एक मौत, 15 दिन में 16 लोगों ने गंवाई जान

Wed, 19 May 2021 08:55 PM IST
Dimple Sirohi न्यूज डेस्क, अमर उजाला, सहारनपुर

सार

पश्चिमी उत्तर प्रदेश में एक तरफ कोरोना कहर बरसा रहा है तो वहीं ग्रामीण क्षेत्रों में जानलेवा बुखार लोगों को काल का ग्रास बना रहा है। सहारनपुर जिले के गांव में महेशपुर में बुखर से 15 दिन के भीतर 16 लोगों की मौत हो चुकी है। 
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बुखार से मौतों के बाद गांव में पसरा सन्नाटा व जर्जर और वीरान पड़ा उप स्वास्थ्य केन्द्र - फोटो : amar ujala
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विस्तार
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उत्तर प्रदेश के सहारनपुर में नानौता विकास खंड के गांव महेशपुर में पिछले 15 दिन में बुखार और सांस लेने में दिक्कत के चलते 16 ग्रामीणों की मौत हो चुकी है। ग्राम पंचायत चुनाव की मतगणना के अगले दिन गांव में पहली मौत हुई। इसके बाद आए दिन मौतें होती रहीं। इससे गांव में दहशत का माहौल है। हालांकि पिछले दो दिनों से गांव में किसी के मरने की सूचना नहीं है। गांव में एक व्यक्ति की मौत कोरोना संक्रमण से भी हुई है।

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महेशपुर के नव निर्वाचित प्रधान कमल सिंह ने बताया कि ग्राम पंचायत चुनाव के बाद से ही लोग गांव में बुखार, टाइफाइड और कोरोना संक्रमण की चपेट में आए थे। पहले से बीमार लोगों को समय पर इलाज न मिलने से गांव में मरने वालों की संख्या बढ़ी। बुखार, खासी, सांस लेने में दिक्कत ऑक्सीजन की कमी से लोगों की मौत हुई है। ग्रामीणों के अनुसार अधिकतर मौतें एक से तीन दिन के अंतराल पर हुई है।

राजबीर सिंह (50) की कोरोना संक्रमण के कारण मौत हुई। ग्रामीण साहब सिंह और विकास कुमार ने बताया कि गांव में पहली मौत बुखार आने के कारण हुई। इसके बाद से गांव में संजय (32), किरनपाल (52), तेजपाल (65), (सुमन 46), रेखा (40), उर्मिला (45), लच्छु (60), राजकुमार (45), विक्रम भगत (50), फूलवती (55), शिक्षा (50), माया (60) की मौत हुई है। इनमें से कुछ को बुखार के साथ ही सांस लेने में भी दिक्कत आई। अभी भी गांव में बुखार से अनेक लोग पीड़ित हैं। गांव में दो दिन पूर्व एक ही दिन में तीन तीन मौतें हुई थीं। 

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पूर्व प्रधान पप्पू उर्फ श्याम सिंह, नकली सिंह, मदन सिंह आदि ने बताया कि गांव में इतनी बड़ी संख्या में मौतें होने के बाद भी स्वास्थ्य विभाग ने अभी तक गांव की सुध नहीं ली है। ग्रामीणों ने गांव में स्वास्थ्य विभाग की टीम भेजकर बुखार से पीड़ित मरीजों की जांच कराने की मांग की है।

करीब पांच हजार की आबादी के इस गांव में केवल उप स्वास्थ्य केन्द्र बना हुआ है जिसका बुरा हाल है। नवनिर्वाचित ग्राम प्रधान कमल सिंह ने इसकी हाल ही में सफाई कराई है। अभी तक इसमें उपले भरे थे और चारों ओर बड़ी बड़ी घास खड़ी थी। 
 
आहुति देते हुए हवन कुंड के साथ की गांव की परिक्रमा
ग्राम प्रधान कमल सिंह बताते हैं कि उन्होंने कोरोना महामारी से बचाव के लिए पूरे गांव को सैनिटाइज कराया है। गांव में यज्ञ कराकर सारे गांव की गलियों में उस हवन कुंड की धूनी दी गई है। ग्रामीणों से अपील की गई है कि वे अपने घरों के आसपास गंदगी न इकट्ठा होने दें।

नियमित रुप से साफ सफाई करें। हर सूरत में मास्क लगाएं और दो गज की दूरी के सामाजिक नियमों का पालन करें। अनावश्यक बाहर न निकले और न ही अपने घेर या बैठकों में लोगों का जमावड़ा करें।
 
अगर वास्तव में बुखार से लोग मर रहे हैं तो गांव में टीम भेजकर जांच कराई जाएगी। -डॉ. विक्रम सिंह पुंडीर एसीएमओ सहारनपुर 
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