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आंदोलन: तीनों हाइवे पर तीन घंटे प्रभावित रहा यातायात

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सहारनपुर: गागलहेड़ी में जाम लगा रहे किसानों से वार्ता करते एसडीएम और सीओ - फोटो : SAHARANPUR
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सहारनपुर। कृषि विधेयक, बकाया गन्ना मूल्य और किसानों की अन्य समस्याओं को लेकर जिलेभर में सात स्थानों पर प्रदर्शन हुए। पांच स्थानों पर भाकियू कार्यकर्ताओं ने चक्का जाम किया। आंदोलन के कारण जिले के तीनों प्रमुख हाईवे पर करीब तीन घंटे के लिए यातायात प्रभावित रहा।
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भारतीय किसान यूनियन ने राष्ट्रव्यापी आंदोलन किसान कर्फ्यू के तहत शुक्रवार को सहारनपुर जिले में देहरादून हाईवे पर गांव शेरपुर में, सहारनपुर-मुजफ्फरनगर हाईवे पर गागलहेड़ी और नागल में, अंबाला हाईवे पर शाहजहांपुर में और दिल्ली-सहारनपुर हाईवे पर रामपुर मनिहारान में चक्का जाम कर धरना प्रदर्शन किया। पूर्वाह्न करीब 11 बजे धरना प्रदर्शन शुरू हो गया था। किसानों ने हाईवे पर ट्रैक्टर ट्रालियां आड़ी तिरछी लगाकर वाहनों की आवाजाही रोक दी थी। धरना प्रदर्शन के दौरान कृषि विधेयक लागू किए जाने का पुरजोर विरोध किया और केंद्र सरकार को किसान विरोधी बताया गया। इन प्रदर्शनों की वजह से सहारनपुर-मुजफ्फरनगर हाईवे, देहरादून अंबाला हाईवे, दिल्ली -सहारनपुर हाईवे पर वाहनों की आवाजाही बंद रही। शेरपुर में डेढ़ बजे और अन्य स्थानों पर करीब दो बजे ज्ञापन सौंपे जाने के बाद ही यातायात सुचारु हो सका।
पुलिस और आरआरएफ के जवान रहे तैनात
सहारनपुर। भाकियू के आंदोलन को देखते हुए पुलिस प्रशासनिक अधिकारियों ने सुरक्षा को लेकर भी कड़े इंतजाम रखे। सभी धरना स्थलों पर पुलिस के अलावा आरआरएफ के जवान तैनात रहे। जिलाधिकारी अखिलेश सिंह और एसएसपी डॉ. एस चनप्पा भी नजर बनाए रहे और शेरपुर सहित अन्य जगह जाकर स्थिति देखी। एसपी सिटी, एसपी देहात और संबंधित क्षेत्र के सीओ और थाना प्रभारी भी पुलिस बल के साथ तैनात रहे।
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रूट डायवर्ट कर भी निकाले गए वाहन
आंदोलन के दौरान अव्यवस्था न फैले, उसको देखते हुए कई जगह पुलिस ने रूट भी डायवर्ट कर दिया था। सहारनपुर से नागल रोड पर लाखनौर गांव के गेट पर बैरियर लगाकर वाहन रोक दिए गए थे, जिन्हें सिडकी गांव की तरफ निकाला गया। इसी तरह सहारनपुर की तरफ से उत्तराखंड के वाहनों को छुटमलपुर से वाया विकासनगर होकर निकाला गया। क्योंकि देहरादून हाइवे पर शेरपुर में धरना प्रदर्शन चल रहा था। देहरादून की तरफ से आने वाले भारी वाहनों को उत्तराखंड की सीमा पर आशारोडी में ही रोक दिया था, जबकि हल्के वाहनों को बिहारीगढ़ से वाया बुग्गावाला, भगवानपुर, गागलहेडी की तरफ निकाला गया। इसी तरह अंबाला हाइवे पर पुलिस ने सरसावा से वाया चिलकाना होते हुए यमुनानगर की तरफ वाहनों को निकाल दिया था, हरियाणा से आने वालों को उसी मार्ग से निकाला गया। चूंकि किसानों का धरना प्रदर्शन अंबाला हाइवे पर सरसावा से आगे शाहजहांपुर में चल रहा था।
- 150 रोडवेज बसों के संचालन पर प्रभाव
सहारनपुर। किसानों के आंदोलन की वजह से सहारनपुर डिपो से जाने वाली और सहारनपुर आने वाली करीब 150 रोडवेज बसों का संचालन भी प्रभावित हुआ। धरना प्रदर्शन शुरू होने से पहले बसे आ जा रही थीं, लेकिन उसके बाद करीब तीन घंटे तक हाइवे पर वाहन नहीं चले। इस कारण काफी बसें जहां तहां फंसी रहीं।

सहारनपुर: नागल में धरने को संबोधित करते भाकियू प्रदेश उपाध्यक्ष चौ विनय कुमार- फोटो : SAHARANPUR

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