देवबंद। क्षेत्र के गांव मोहिउद्दीनपुर में शादी से कुछ घंटे पहले रेलवे के लोको पायलट अमित (32) का शव घर की छत पर बने कमरे में फंदे से लटका मिला। जिस घर में शुक्रवार शाम बरात की तैयारियां चल रही थीं, वहां देखते ही देखते मातम छा गया। परिजनों ने बिना पुलिस को सूचना दिए शव का अंतिम संस्कार कर दिया। आत्महत्या की क्या वजह रही इस बारे में परिजन भी कुछ नहीं बता पा रहे। मोहिउद्दीनपुर गांव निवासी अमित रेलवे में लोको पायलट के पद पर कार्यरत थे। उनकी तैनाती पंजाब के लुधियाना में थी। शुक्रवार को उनकी बरात जनपद मुजफ्फरनगर के पुरकाजी क्षेत्र स्थित गांव खेड़की जानी थी। बृहस्पतिवार रात विवाह की रस्मों के तहत मंढा कार्यक्रम हुआ। शुक्रवार सुबह परिजन अमित को जगाने के लिए घर की छत पर बने टिनशेड वाले कमरे में पहुंचे। वहां अमित का शव पंखे से लटका मिला। यह देख परिवार में चीख-पुकार मच गई। आसपास के ग्रामीण इकट्ठा हो गए। दोपहर में परिजनों ने अमित का अंतिम संस्कार कर दिया। पुलिस को घटना की सूचना नहीं दी गई। ग्राम प्रधान देवेंद्र सैनी के मुताबिक अमित करीब छह वर्षों से रेलवे में कार्यरत थे और अपनी शादी के लिए कुछ दिन पहले ही अवकाश लेकर घर आए थे।
वहीं, अमित ने सात फेरों के बंधन में बंधने से महज कुछ घंटे पहले मौत का रास्ता क्यों चुना। इसे लेकर परिजन भी हैरान हैं। पिता इसमपाल का कहना है कि बेटे ने यह कदम क्यों उठाया कुछ पता नहीं है।