यह पहला मौका होगा जब किसी मुद्दे पर देवबंदी उलेमा ने बरेलवी उलेमा के सुर में सुर मिलाया है। बरेलवी मसलक के मौलाना तौकीर रजा के यूपी में शराब पर प्रतिबंध लगाने को अभियान चलाने वाले बयान का देवबंदी उलेमा ने स्वागत किया है। उलेमा का कहना है कि जिन चीजों को अल्लाह ने हराम करार दिया है वह उस पर प्रतिबंध लगाने के लिए हर सहयोग देने को तैयार हैं।
दारुल उलूम वक्फ के वरिष्ठ उस्ताद मौलाना मुफ्ती आरिफ कासमी ने कहा कि इस्लाम में शराबनोशी को हराम करार दिया गया है। शराब वो बुराई है जिससे कई तरह के फितने खड़े होते हैं। बरेली के मौलाना तौकीर रजा का यूपी में शराब पर प्रतिबंध लगाने के लिए अभियान चलाने वाला बयान स्वागत योग्य है।
उन्होंने कहा कि जिस चीज को अल्लाह ने हराम करार दिया है यदि उस पर प्रतिबंध लगाने के लिए कोई भी कदम आगे बढ़ाता है तो उसका सहयोग किया जाएगा। इसके साथ ही उन्होंने कहा कि शराब जैसी बुराई को समाज से खत्म करने के लिए यूपी ही नहीं बल्कि पूरे हिंदुस्तान में मुहिम शुरु की जानी चाहिए।
मदरसा जामिया तुल अनवरिया के मोहतमिम एवं दारुल उलूम वक्फ के वरिष्ठ उस्ताद मौलाना नसीम अख्तर शाह कैसर ने कहा कि बुराई को खत्म करने के लिए बरेलवी मसलक मुहिम चलाएं या देवबंदी मसलक उसके लिए एक दूसरे के साथ खड़ा होना चाहिए। उन्होंने भी बरेलवी मसलक के मौलाना तौकीर रजा के बयान का स्वागत किया है। बता दें कि मौलाना तौकीर ने बुधवार को यूपी में शराब पर प्रतिबंध लगाए जाने की मांग की है।
उनका कहना है कि यूपी राम और कृष्ण की धरती है। ऐसेब में यहां शराब पर पूर्णतया प्रतिबंध लगना चाहिए। जिसके लिए वह अभियान चलाएंगे।