सहारनपुर के देवबंद में सिंचाई विभाग में नियुक्तियों के नाम पर करोड़ों रुपये का फर्जीवाड़ा करने का मामला प्रकाश में आया है। इस मामले में पुलिस ने देवबंद क्षेत्र के गुनारसा और बिजनौर जिले के जलीलपुर और किरतपुर से चार लोगों को हिरासत में लिया है।
बताया गया है कि गुनारसा गांव में ही इस मामले में 19 लोगों से करीब सवा करोड़ रुपये ठगे गए हैं। करीब छह माह से सिंचाई विभाग में सींचपाल (पतरोल) की नौकरी दिलाने के नाम पर बड़ा फर्जीवाड़ा किया जा रहा था।
एक स्टिंग से खुलासे के बाद पुलिस एवं प्रशासनिक अधिकारियों ने सहारनपुर और बिजनौर में दबिश देकर चार लोगों को हिरासत में लिया है। देवबंद के गुनारसा गांव निवासी रवि कुमार ने खुलासे के बाद कोतवाली में तहरीर दी तो पुलिस ने इसी गांव के अशोक कुमार को गिरफ्तार कर लिया।
जबकि उसका बेटा आशू कुमार अभी फरार है। अशोक पर आरोप है कि उसने रवि कुमार को सींचपाल की नौकरी दिलाने के नाम पर उससे करीब साढ़े छह लाख रुपये हड़प लिए गए।
पुलिस ने इस मामले में बाप बेटे के खिलाफ आईपीसी की धारा 420, 467, 468, 471 और 506 के तहत मामला दर्ज कर लिया है। अरोप है कि इस मामले में गिरफ्तारी के लिए बिजनौर गई सहारनपुर पुलिस ने जलीलपुर में महिला बीडीओ सुधा पाठक और किरतपुर बीडीओ शैलेंद्र व्यास
को दफ्तर से खींचकर गाड़ी में डाल लिया। दोनों अफसरों के साथ पुलिसकर्मियों ने जमकर अभद्रता की। जिस समय महिला बीडीओ के पास पुलिस पहुंची, उस समय कोई महिला पुलिसकर्मी भी पुलिस टीम के साथ नहीं थी। बिजनौर के सीडीओ ने इस मामले को लेकर शासन से बात की है।