कक्कड़गंज बाजार स्थित साड़ी के एक शोरूम में एक जुलाई की रात को हुई साढ़े 8 लाख रुपये की चोरी का पुलिस ने खुलासा कर दिया है। शोरूम के नौकर ने ही लॉकर से उड़ाए थे साढ़े 8 लाख रुपये। पुलिस ने आरोपी नौकर को गिरफ्तार कर 5.17 लाख रुपये बरामद कर लिए।
नगर कोतवाली के कक्कड़गंज बाजार स्थित शिव शक्ति साड़ीज गांधी ब्रदर्स के शोरूम में चोरों ने 1 जुलाई की रात में शोरूम के लॉकर में रखे 8.50 लाख रुपये चोरी कर लिए। इस मामले में शोरूम मालिक मिशन कंपाउंड निवासी बनारसी दास ने दर्ज कराई थी।
पुलिस अधीक्षक देहात विद्यासागर मिश्र ने बताया कि पुलिस एवं सर्विलांस की टीम ने मामले की छानबीन की तो शोरूम के कर्मचारी की करतूत सामने आ गई। पुलिस ने 7 जुलाई की रात लगभग साढ़े आठ बजे मुखबिर की सूचना पर शोरूम के कर्मचारी मनीष माहेश्वरी निवासी मोहल्ला द्वारिकापुरी, दिल्ली रोड को सपना पुल के नजदीक से गिरफ्तार कर लिया। पुलिस ने आरोपी के पास से 5.17 लाख रुपये बरामद कर लिए। आरोपी मनीष माहेश्वरी ने अपना मूल पता ग्राम जलालाबाद, थानाभवन, शामली बताया।
शोरूम बंद करते समय छिप गया था जीने में
एसपी देहात विद्यासागर मिश्र ने बताया कि मनीष ने 1 जुलाई की रात को शोरूम बंद करते समय लॉकर की चाबी वाला गुच्छा बड़े गुच्छे से निकाल लिया। वह शोरूम के बंद होते समय सबकी निगाहों से बचकर शोरूम में बनी सीढ़ियों पर रखे कबाड़ में छिप गया। जैसे ही सब ताला लगाकर चले गए। आरोपी मनीष ने चाबी से लॉकर खोला और उसमें रखे 8.50 लाख रुपये चोरी कर लिए। चोरी करने के बाद वह तीसरी मंजिल पर गया और साड़ियां बांधकर पाइप के सहारे उतरकर चला गया।
नाली की रैंप खोद कर दबा दिए नोट
एसपी देहात विद्यासागर मिश्र ने बताया कि चोरी किए गए नोटों को मनीष ने अपने घर में नहीं रखा। कहीं पुलिस उसके घर की तलाशी न ले ले। या फिर किसी और को इतने नोटों के बारे में जानकारी न हो जाए। इसलिए उसने अपने घर के नजदीक एक दुकान के नीचे बंद पड़ी नाली की रैंप को खोदकर उसमें नोटों को दबा दिया। गिरफ्तारी के बाद आरोपी की निशानदेही पर पुलिस ने खोदकर नोटों को निकाला।
15 साल से कर रहा था शोरूम पर काम
मनीष माहेश्वरी पिछले 15 साल से शोरूम पर काम कर रहा था। जिस कारण पहले उस पर संदेह नहीं किया गया। पुलिस ने पूछताछ की तो वह पुलिस को जवाब देता रहा और अपना बचाव करता रहा। पुलिस ने पहले तो उसे पूछताछ के बाद भेज दिया, लेकिन बाद में पूछताछ के लिए बुलाया तो वह अपनी एक बात पर स्थिर नहीं रह पाया और पुलिस के संदेह में आता चला गया। बयानों में विरोधाभास से मनीष फंस गया। सख्ती से पूछताछ पर सच्चाई बताई।
मालिक से ले चुका था कर्ज
पुलिस पूछताछ में आरोपी मनीष माहेश्वरी ने बताया कि उसने अपने मालिक से दो बार कर्ज लिया है। कुछ अन्य लोगों का भी उस पर कर्ज हो गया था। जिस कारण उसने चोरी की घटना को अंजाम दिया।