जैन धर्म के 24 वें तीर्थकर श्री 1008 भगवान महावीर स्वामी जी की जयंती के पर जैन समाज की ओर से मंगलवार को श्रीजी की शोभायात्रा निकाली गई। मदनपुरी जैन मंदिर की दो से चार मई तक होने वाली वेदी प्रतिष्ठा की पत्रिका का विमोचन समाज के पदाधिकारियों द्वारा किया गया।
श्री 108 अनुज सागर महाराज ने कहा कि जैन धर्म में जन्म लेने मात्रा से जैन नहीं होता है, बल्कि वो इंसान भी जैन है जो भगवान महावीर स्वामी द्वारा कहे गये वचनों का पालन करते हुए दिनचर्या का पालन करता है। अपनी इंद्रियों के वशीभूत होकर आचरण करना जैन का धर्म नहीं, बल्कि इंद्रियों पर नियंत्रण करना ही जैन कहलाता है।
उन्होंने प्रभु श्री के जन्मकल्याणक दिवस पर सभी श्रावकों से धर्म के अनुरूप आचरण जीवन में उतारने का आह्वान किया। एसपी सिटी महेंद्र सिंह यादव ने कहा कि भगवान महावीर स्वामी के विचारों की आज बहुत आवश्यकता है। यदि उनके विचारों पर जरा सा भी अमलीकरण कर लिया जाए तो वर्तमान समय में जिन समस्याओं, कष्टों से जूझ रहे है वह स्वत: ही समाप्त हो जायेगी। एएसपी सुनिधि चौहान और समाज के अध्यक्ष राजेश जैन ने भी संबोधन किया।
शोभायात्रा श्री दिगंबर जैन मंदिर, कबाड़ी बाजार, सर्राफा बाजार से आरंभ होकर सर्राफा नया बाजार, चौक फव्वारा, मोरगंज, बड़तला यादगार, दीनानाथ बाजार, हलवाई हट्टा, रानी बाजार, रायवाला होते हुए जैन बाग स्थित श्री दिगंबर जैन मंदिर जी पहुंची। जहां मानस्तम्भ पर श्रीजी का जलाभिषेक किया गया।
श्रीजी के ख्वासी प्रेमचंद जैन बने और चंवर अनिल जैन मंटू तथा दिव्य जैन ने डोलाया। श्रीजी के कुबेर अजय जैन, रथ के सारथी एसपी सिटी महेंद्र सिंह यादव, राजेश कुमार जैन, अमित जैन दादू, सतेंद्र जैन, श्रीयांस जैन, विपिन जैन, संजीव जैन, राकेश जैन बने। यात्रा के संयोजक चंद्र जैन, कुलभूषण जैन, विजेेंद्र जैन रहे।
यात्रा में महामंत्री संजीव जैन, सुभाष जैन, सतेंद्र जैन, वीके जैन, श्रीयांस जैन, रविंद्र जैन, जेडी जैन, राजीव जैन, अनील जैन, तरसतृपत जैन, देव कुमार जैन, नवीन जैन, टीटू जैन, बोबी जैन, निष्काम जैन, मनोज जैन आदि रहे।