आरोप है कि जगदेव सिंह पक्ष के लोगों ने बिना अनुमति के रात के समय विवादित भूमि पर संत रविदास की प्रतिमा स्थापित कर दी। सुबह दूसरे पक्ष ने प्रतिमा देखी तो इसकी सूचना पुलिस को दी।
सूचना मिलने पर एसडीएम सुरेंद्र कुमार, सीओ रूचि गुप्ता और तहसीलदार प्रियंक सिंह मौके पर पहुंचे और जगदेव पक्ष के लोगों को समझाने का प्रयास किया। हालांकि महिलाओं समेत कुछ ग्रामीण प्रतिमा हटाने का विरोध करते हुए अड़ गए, जिससे माहौल तनावपूर्ण हो गया।
स्थिति बिगड़ती देख सरसावा, तीतरों, रामपुर मनिहारान और महिला थाना सहारनपुर सहित कई थानों की पुलिस को मौके पर बुलाया गया। इसी दौरान किसी अज्ञात व्यक्ति ने छत से एसडीएम और सीओ की ओर ईंट का टुकड़ा फेंक दिया। हालांकि यह किसी को नहीं लगा।
इसके बाद पुलिस ने भीड़ को तितर-बितर किया और छतों पर चढ़कर ईंट फेंकने वाले की तलाश की, लेकिन वह हाथ नहीं आ सका। करीब चार घंटे तक प्रशासन और ग्रामीणों के बीच तनातनी की स्थिति बनी रही।
अधिकारियों ने ग्रामीणों को समझाया कि मामला न्यायालय में विचाराधीन है, इसलिए बिना अनुमति के किसी भी प्रकार का निर्माण या स्थापना नहीं की जा सकती। काफी समझाने के बाद ग्रामीण मान गए और प्रतिमा को हटाकर गांव लतीफपुर स्थित संत रविदास मंदिर में सुरक्षित रखवा दिया गया।
प्रशासन के अनुसार फिलहाल गांव में शांति व्यवस्था बनी हुई है और एहतियात के तौर पर पुलिस बल तैनात किया गया है।