आत्मशुद्घि और त्याग के पर्व दसलक्षण महापर्व के शुभ अवसर पर अरिहंम भक्ति वनिता केंद्र की ओर से श्री दिगंबर जैन मंदिर चंद्रनगर में सांस्कृतिक संध्या का आयोजन किया गया।
कार्यक्रम का शुभारंभ रीना जैन, मंजुल जैन, छाया जैन ने भगवान महावीर की मनोहर प्रतिमा के सम्मुख दीप प्रज्ज्वलित कर किया। इससे पूर्व संस्था पदाधिकारियों ने मुख्य अतिथियों का तिलक लगाकर स्वागत किया। रीटा जैन, मोनिका जैन, वंदना जैन, काजल जैन, तनु जैन, निधि जैन ने शास्त्रीय नृत्य प्रस्तुत किया। निधि जैन, मानसी जैन, सोनिया, सारिका आदि ने उम्दा प्रस्तुतियां दी।
इस अवसर पर अशोक जैन, प्रदर्शन जैन, संगीता जैन, नीतू जैन, गीता जैन, सलील, मनीष, प्रवीण, विजय, राहुल जैन, सुशील जैन, अमित जैन, रीवेश जैन, भरतेश जैन, मधु जैन, अंजु जैन, शैलेंद्र जैन, शिखा आदि रहे।
उधर, जैन मिलन नवकार की ओर से श्री दिगंबर जैन मंदिर जैन बाग में कार्यक्रम आयोजित किया। पंचाग कमेटी के उपाध्यक्ष विपिन जैन, क्षेत्रीय उपाध्यक्ष राकेश जैन, अनिल जैन, नवनीत जैन, कमल जैन, राजीव जैन, संजय जैन, अरुण जैन, विनय जैन, संजय जैन, आकाश, मोनिका, दीपा, रुपाली, मधु, रुचि, प्रीति, संगीता, चंद्रभान, मनोज, विपिन, अनिल, संध्या, सरिता, सुनीता, संगीता मौजूद रहे।
वहीं, नागल में आचार्य कर्मवीर आर्य समाज बढेडी ने नागल में चल रहे त्रिदिवसीय वार्षिकोत्सव में कहा कि जो ईश्वर की बनाई दुनियां में व्यवस्था को देखता है, वह स्वयं भी समाज में व्यवस्था रखना चाहता है। पड़ेगा। समाज को उन्नति की तरफ अग्रसित करना है तो हमें समाज को व्यवस्थित करना होगा।