देवबंद। विदेश नीति के तहत अफगानिस्तान के छात्रों को भारत के लिए सीमित वीजा मिल रहा है। इसकी वजह से वह शिक्षा हासिल करने के लिए भारत नहीं आ पा रहे हैं। शनिवार को दारुल उलूम पहुंचे विदेश मंत्री मौलाना आमिर खान मुत्ताकी से अफगानी छात्र मिले। उन्होंने पत्र सौंपकर वीजा व्यवस्था को पूरी तरह बहाल कराने की मांग की।
वर्तमान में दारुल उलूम में अफगानिस्तान के करीब 12 छात्र तालीम हासिल कर रहे हैं, जबकि पूर्व में यह संख्या सौ से अधिक हुआ करती थी, लेकिन विदेश नीति के तहत एजुकेशन वीजा को सीमित कर दिया गया। जिसको लेकर अफगानी छात्र दारुल उलूम में शिक्षा हासिल करने के लिए नहीं आ पा रहे हैं। इस समस्या को लेकर अफगानी छात्र संस्था के मेहमानखाने में रुके अफगानिस्तान के विदेश मंत्री मौलाना आमिर खान मुत्ताकी से मिले।
उन्होंने पत्र सौंपते हुए वीजा व्यवस्था को पूरी तरह बहाल कराए जाने की मांग की, ताकि जो छात्र दारुल उलूम में शिक्षा हासिल करने के लिए आना चाहते हैं उनका यह सपना पूरा हो सके। नाम न छापने की शर्त पर कुछ अफगानी छात्रों ने बताया कि उन्होंने इस संबंध में विदेश मंत्री मुत्ताकी को पत्र सौंपा है, जिन्होंने उन्हें आश्वासन दिया कि जल्द ही इस समस्या का समाधान निकाला जाएगा। अपने वतन से आए मुत्ताकी से मिलकर अफगानी छात्र बेहद खुश दिखाई दिए।