सहारनपुर। घंटाघर के आसपास बेतरतीब खड़ी होने वाली ई-रिक्शाएं और थ्री व्हीलर लोगों के लिए मुसीबत बन गए हैं, जिससे राहगीरों और व्यापारियों को परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। इसी वजह यातायात व्यवस्था भी गड़बड़ाई हुई है।
ई-रिक्शाओं और थ्री व्हीलरों के खड़े होने के लिए निर्धारित स्थान नहीं है। घंटाघर पर हनुमान मंदिर के सामने सड़क पर ई-रिक्शाओं और थ्रीव्हीलरों के बेतरतीब खड़े होने की वजह से राहगीरों का वहां से निकलना मुश्किल हो गया है। इसी तरह घंटाघर से देहरादून रोड पर विद्युत निगम के दफ्तर तक ई-रिक्शाओं के कारण पैदल चलने की जगह नहीं बची है। इस मार्ग से जम्मू-कश्मीर, पंजाब, हरियाणा और उत्तराखंड के हल्के और भारी वाहन गुजरते हैं, लेकिन सड़क के दोनों तरफ ई-रिक्शाओं और थ्रीव्हीलरों की भरमार होनेे की वजह से यातायात व्यवस्था गड़बड़ाई रहती है। इनके अलावा घंटाघर से अंबाला रोड और नेहरू मार्केट की तरफ भी ई-रिक्शाओं और थ्री व्हीलरों के कारण जाम लगा रहता है।
बोले व्यापारी, चौपट हो गया धंधा
सहारनपुर। घंटाघर के दूध व्यापारी अमित गुलाटी का कहना है कि बेतरतीब खड़ी ई-रिक्शाओं और थ्रीव्हीलरों के कारण सड़क पर जाम लगा रहता है। इससे कारोबारियों का व्यापार चौपट हो गया है। क्योंकि जाम की वजह से ग्राहक दुकान पर नहीं आ पाते हैं। प्लाइवुड कारोबारी जसबीर का कहना है कि ई-रिक्शाओं और थ्रीव्हीलरों के कारण घंटाघर से निकलना मुश्किल हो गया है। देहरादून व अंबाला रोड पर सड़क के दोनों तरफ बेतरतीब ई-रिक्शाएं और थ्रीव्हीलर खड़े रहते हैं। इससे यातायात व्यवस्था गड़बड़ाई हुई है। यहां तक की पैदल निकलने में भी दिक्कत आती हैं। कोर्ट रोड के मोबाइल फोन कारोबारी अनूप कुमार का कहना है कि घंटाघर के आसपास की यातायात व्यवस्था का हाल बेहद बुरा है। जाम के कारण पांच सौ कदम की दूरी तय करने में आधे घंटे तक का समय लग जाता है। व्यापारियों का प्रतिनिधि मंडल कई बार पुलिस-प्रशासनिक अधिकारियों से मिलकर ई-रिक्शाओं और थ्रीव्हीलरों के खड़े होने के लिए निर्धारित स्थान तय किए जाने की मांग कर चुका है, लेकिन समस्या का समाधान नहीं हो पाया है।
घंटाघर के आसपास बेतरतीब खड़ी ई-रिक्शाओं और थ्रीव्हीलरों के चालकों के खिलाफ कार्रवाई की जा रही है। इनके खड़े होने का निर्धारित तय किए जाने की कार्य योजना बनाई जा रही है। घंटाघर के आसपास से ई-रिक्शाओं और थ्रीव्हीलरों को हटवाया जाएगा। -तेज प्रताप सिंह, यातायात प्रभारी।