सहारनपुर। खाद्य सुरक्षा एवं औषधि प्रशासन विभाग की अंतरजनपदीय टीम ने कमियां मिलने पर छह ब्लड बैंक बंद किए थे। इनमें से चार ब्लड बैंकों ने एसबीडी जिला अस्पताल के ब्लड बैंक में 368 यूनिट ब्लड जमा करा दिया है। अब एलाइजा टेस्ट के बाद ही मरीजों को ब्लड दिया जाएगा। इससे जरूरतमंदों को राहत मिली है।
दो अप्रैल को खाद्य सुरक्षा एवं औषधि प्रशासन आयुक्त डॉ. रोशन जैकब ने अंतरजनपदीय टीम गठित कर जिले में ब्लड बैंकों की जांच कराई थी। गठित टीम ने नौ ब्लड बैंक केंद्रों की जांच की थी। इनमें से बाला जी चैरिटेबल, सुधार जन कल्याण चैरिटेबल, रिद्धि चैरिटेबल, शहीद भगत सिंह, सिद्धि चैरिटेबल और जीवन धारा चैरिटेबल ब्लड में भारी अनियमितता मिली थी। इन केंद्रों पर एलाइजा टेस्ट के बिना ही ब्लड ट्रांसफर किया जा रहा था। कार्रवाई के बाद मुख्यालय ने आदेश दिए थे कि ब्लड की बर्बादी न हो, इसलिए सभी ब्लड बैंकों से रक्त को जिला अस्पताल भेजा जाए।
इसी कड़ी में मंगलवार को बालाजी चैरिटेबल ब्लड केंद्र से 134, रिद्धि से 19, सिद्धि चैरिटेबल से 76 और शहीद भगत सिंह चैरिटेबल ब्लड केंद्र से 139 यूनिट रक्त को जिला अस्पताल के ब्लड बैंक में जमा हुआ है। अब सभी ब्लड यूनिट का एलाइजा टेस्ट होगा। बताया जा रहा कि ब्लड की एक्सपायरी 10 दिन से अधिक है। सबसे ज्यादा बी और ओ पॉजिटिव का होना बताया गया है। हालांकि, अभी रजिस्टर में दर्ज होगा कि कौन से ग्रुप का कितना ब्लड है।
बंद किए गए प्राइवेट ब्लड बैंकों से आए ब्लड की जांच होगी। उसकी एक्सपायरी भी चेक की जाएगी। ब्लड आने से जरूरतमंदों को राहत मिलेगी।
- डॉ. रवि प्रकाश, कार्यवाहक प्रमुख अधीक्षक, एसबीडी जिला अस्पताल