सहारनपुर। एसबीडी जिला अस्पताल के ब्लड बैंक में गड़बड़ी की शिकायत की जांच करने के लिए शुक्रवार को लखनऊ की टीम सहारनपुर पहुंची। टीम सदस्यों ने सहायक निदेशक स्वास्थ्य के दफ्तर में सभी पक्षों से घंटों पूछताछ की। फैमिली ऑफ ब्लड डोनर्स ट्रस्ट सदस्यों ने ब्लड बैंक में तैनात रहे सीनियर लैब टेक्निशियन एके शुक्ला के खिलाफ सुबूत टीम को सौंपे, जिसमें दस मिनट की ऑडियो समेत तीन सीडी भी शामिल रहीं।
फैमिली ऑफ ब्लड डोनर्स ट्रस्ट ने तीन दिसंबर 2018 को यूपी स्टेट एड्स कंट्रोल सोसायटी को शिकायती पत्र भेजा था, जिसमें जिला अस्पताल के ब्लड बैंक में तैनात रहे सीनियर लैब टेक्निशियन एके शुक्ला पर गंभीर आरोप लगाए थे। शिकायत को गंभीरता से लेते हुए सोसायटी की संयुक्त निदेशक डॉक्टर गीता अग्रवाल ने पांच सदस्यीय जांच टीम का गठन किया था, जिसमें चिकित्सा उपचार, स्वास्थ्य सेवा के निदेशक को अध्यक्ष बनाया गया था। मंडलीय अपर निदेशक स्वास्थ्य सहारनपुर, संयुक्त निदेशक (रक्त सुरक्षा) यूपीएसएसीएस लखनऊ, रक्ताकोष प्रभारी राजकीय मेडिकल कॉलेज सहारनपुर और सहायक औषधि आयुक्त एफडीए सहारनपुर को सदस्य बनाया गया था। टीम सदस्यों ने शुक्रवार को सहायक निदेशक स्वास्थ्य के नेहरू मार्केट स्थित कार्यालय पहुंचकर जांच शुरू की। पूछताछ के लिए एके शुक्ला को भी बुलाया गया। साथ ही फैमिली ऑफ ब्लड डोनर्स ट्रस्ट सदस्यों को भी बुलाया। ट्रस्ट सदस्यों ने जांच टीम को दस मिनट का ऑडियो सुनाया। इसके अलावा अन्य सुबूत की सीडी भी सौंपी। टीम ने करीब डेढ़ घंटे तक पूछताछ की।
ब्लड बैंक से पहले ही हटाए जा चुके शुक्ला
एके शुक्ला को ब्लड बैंक से पिछले महीने हटा दिया गया था। शुक्ला का एक वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हुआ था, जिसमें वह खून के बदले में रुपये की मांग कर रहा था। वीडियो सामने आने के बाद सीएमएस डॉक्टर एसके वार्ष्णेय ने एके शुक्ला को ब्लड बैंक से हटाकर पैथोलॉजी लैब में भेजा दिया था।