नानौता (सहारनपुर)। क्षेत्र में बुखार का प्रकोप लगातार बढ़ता जा रहा है। शुक्रवार को क्षेत्र में बुखार के चलते अलग-अलग जगहों पर दो महिलाओं की मौत हो गई। पिछले चार दिनों में बुखार के चलते अब तक तीन मौतें हो चुकी हैं लेकिन स्वास्थ्य विभाग हाथ पर हाथ धरे बैठा है। उधर, बुखार से हो रही मौतों के बाद लोगों में दहशत का माहौल पैदा हो गया है।
क्षेत्र के गांव खुडाना निवासी रीना(28 वर्ष) पत्नी पिंटू को पिछले 10 दिन से बुखार आ रहा था। इसका उपचार गांव के ही निजी चिकित्सक से चल रहा था। शुक्रवार को परिजन उसे सीएचसी ले गए लेकिन हालत बिगड़ने पर उसे रेफर कर दिया गया। जहां अस्पताल ले जाते हुए उसकी मौत हो गई। इसके अलावा गांव भारीदीनदारपुर में समेद्दीन की पत्नी 45 वर्षीया को बुखार के चलते हायर सेंटर रेफर किया गया था जहां उसकी बीती रात्रि मौत हो गई। उसे परिजनों ने उसे घर लाकर सुपुर्द ए खाक कर दिया। गौरतलब है कि तीन दिन पूर्व नगर के मोहल्ला सरावज्ञान निवासी और प्राथमिक विद्यालय मित्तरगढ़ में कार्यरत अध्यापिका संयोगिता (54) पत्नी धर्मपाल चौहान की स्वाइन फ्लू के लक्षणों के चलते मौत हो चुकी है।
उधर, नानौता स्थित सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र और निजी चिकित्सकों के यहां पर इन दिनों बुखार के चलते सैकड़ों की संख्या में बुखार से पीड़ित मरीज पहुंच रहे हैं। इनमें रुकसाना, अनिता, चंपा, रामवती, मोहसिन, ओमपाल, महीपाल, वैभव, विपिन, फतीना, हुमेरा, फराज, आयुष, हर्ष आदि शामिल रहे। सीएचसी के चिकित्सा अधीक्षक डॉ. अमित कुमार का कहना है कि गांवों में टीम भेजी जाएगी।