देवबंद (सहारनपुर)। दारुल उलूम के मोहतमिम मौलाना मुफ्ती अबुल कासिम नोमानी बनारसी ने कहा कि शिक्षा हर इंसान के लिए जरूरी है। क्योंकि यही हमारी कामयाबी की गारंटी है।
मंगलवार को मोहल्ला पठानपुरा भायला रोड स्थित मदरसा इस्लामिया असगरिया के वार्षिक कार्यक्रम में बतौर मुख्य अतिथि दारुल उलूम के मोहतमिम मौलाना अबुल कासिम नोमानी ने कहा कि मौजूदा वक्त बहुत ही नाजुक है। इसलिए हमें सोच समझकर आगे बढ़ने की जरूरत है। सभी मदरसों छात्रों को चाहिए कि वे पूरी लगन और ईमानदारी के साथ तालीम हासिल करें और दुनियाभर में इस्लाम की सही तस्वीर को पेश करें। मौलाना सैय्यद नजमुल हसन ने कहा कि जब तक समाज तालीम याफ्ता नहीं होगा तब तक मुल्क और कौम तरक्की नहीं कर सकते। अफ्रीका से आए मौलाना आबिद हुसैन नकवी व संस्था के नायब मोहतमिम मौलाना तजम्मुल हुसैन ने मुसलमानों की तालीम से दूरी को अफसोसनाक करार देते हुए कहा कि तालीम हासिल करके ही हम अपने उपर हो रहे जुल्म-ओ-सितम से आजाद हो सकते हैं। अध्यक्षता कर रहे डा. सैय्यद जमील हुसैन ने कहा कि माता पिता ईश्वर की तरफ से दी गई एक नेमत है। इसलिए उनकी इज्जत और सेवा करना हमारा फर्ज है। कार्यक्रम में मदरसा इमदादुल इस्लाम मेरठ के शेखुल हदीस मौलाना महफूजुर्रहमान शाहिन जमाली और दारुल उलूम जकरिया के मोहतमिम मौलाना मुफ्ती शरीफ खान ने 90 मदरसा छात्रों की दस्तारबंदी की। जबकि सैय्यद अकील हुसैन, मौलाना सालिम अशरफ और मौलाना सिकंदर खान ने कक्षा तजवीद के 45 और हिफ्ज के 45 छात्रों को कुरआन पाक और दीनी किताबों का वितरण किया। संचालन कारी रागिब ने किया। इस मौके पर कारी शफीकुर्रहमान, मौलाना अहसान मोहसिन, कारी वासिफ, मौलाना अहमद साद, मौलाना शाहिद हसन, मौलाना हुजैफा, मौलाना सलमान बिजनौरी, मुफ्ती ताहिर, मौलाना हामिद, मौलाना अकरम आदि मौजूद रहे।