शाहबाद। यशपाल (23) की हत्या बड़ी निर्ममता से की गई है। उसके शव पर चाकू के 13 गहरे घाव मिले हैं। सिर पर कई जगह ईंट से कूचने के निशान मिले हैं। पुलिस इसकी हत्या का कारण प्रेम-प्रसंग ही मान रही है। इस हत्याकांड में पुलिस नामजद चार अभियुक्तों में तीन को हिरासत में लेकर घटना के दूसरे दिन भी पूछताछ करती रही।
यही नहीं, घटनास्थल वाले मार्ग से लेकर कस्बे में यशपाल की दुकान तक के रास्ते के और आसपास के करीब 60 सीसीटीवी कैमरे के फुटेज भी पुलिस ने खंगाले हैं। लेकिन, इनसे कोई मजबूत सुराग न मिलने से अब पुलिस की शक की सुई अन्य लोगों की तरफ घूम गई है। अब पुलिस पहले आरोपियों की पहचान में जुटी है।
पुलिस को शक यह भी है कि यशपाल अपनी प्रेमिका के होने वाले मंगेतर को उसके फोटो भेज रहा था तो वारदात में वहां से कोई जुड़ाव तो नहीं है। इसी कारण पुलिस ने बदायूं जिले में भी जाकर दबिश दी है, जहां से कुछ संदिग्ध भी उठाए हैं। फिलहाल, घटना के दिन बृहस्पतिवार को हिरासत में लिए गए तीनों आरोपी अभी थाने में ही मौजूद हैं।
घटना के खुलासे के लिए एसओजी समेत पुलिस की पांच टीमें लगी हैं। खबर है कि जिन तीन लोगों को पुलिस ने हिरासत में लेकर पूछताछ की है, उनके जवाबों को भी पुलिस सत्यापित कर रही है। पुलिस का मानना है कि यशपाल की हत्या में कम से कम चार लोग शामिल हैं। यह लोग कौन हैं, इनकी पहचान के लिए पुलिस ने घटनास्थल से लेकर यशपाल की दुकान तक के रास्ते पर और आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों के फुटेज को जांचा है। इसमें कुछ संदिग्ध भी नजर आए हैं, जिनकी पहचान और तलाश में भी पुलिस टीमें दबिश दे रही हैं।
एएसपी अतुल कुमार श्रीवास्तव ने बताया कि पुलिस की टीमों ने आरोपियों की पहचान के संबंध में कई साक्ष्य मिल गए हैं। उन्हें उम्मीद है कि शनिवार शाम तक सभी चेहरे साफ हो जाएंगे और आरोपियों को गिरफ्तार भी किया जा सकेगा।
एएसपी श्रीवास्तव ने बताया कि पोस्टमार्टम से पता चला है कि यशपाल पर हमलावरों चाकू से ही ताबड़तोड़ प्रहार कर उसे मौत के घाट उतारा है। चूंकि, इसके शरीर पर कुल 13 गहरे घाव मिले हैं। ईंट से हुए प्रहार में चोटें इतनी गहरी नहीं पाई गई हैं।
देर शाम हुआ अंतिम संस्कार
यशपाल कोतवाली क्षेत्र के रवानी पट्टी उदा गांव का रहने वाला था। बृहस्पतिवार को हत्या होने के बाद देर शाम को उसका शव पोस्टमार्टम के बाद घर पहुंंचा था। फिर परिजनों ने देर शाम को ही उसके शव का अंतिम संस्कार किया था। बताया जा रहा है कि उसका दूसरे गांव की युवती से प्रेम-प्रसंग चल रहा था, जो उसकी हत्या का कारण बना है। चूंकि, इसी प्रेम-प्रसंग में ही यशपाल को पिछले साल शाहबाद पुलिस ने जेल भी भेजा था। रिहा होने के बाद वह अपने गांव में ही वेल्डिंग मिस्त्री का काम करने लगा था।
सीडीआर और सर्विलांस खोल सकती है हत्या की कड़ी
यशपाल हत्याकांड में पुलिस करीब 10 से अधिक बिंदुओं पर जांच कर रही है। जिस जगह यशपाल का शव रक्तरंजित अवस्था में पड़ा मिला था वहां यशपाल की साइकिल कैसे पहुंची, पुलिस के लिए यह भी एक सवाल है। वहीं, पुलिस सीडीआर और सर्विलांस की मदद भी ले रही है।
पुलिस के संदेह के घेरे में आई प्रमिका
ग्रामीणों के अनुसार, यशपाल की प्रेमिका को भी पुलिस ने शक के दायरे ले रखा है। बताया जा रहा है शुक्रवार को गांव पहुंचकर पुलिस ने कई बिंदुओं पर युवती से भी पूछताछ की है। इसमें भी पुलिस को आरोपियों के संबंध में कई सुराग मिले हैं।