कोतवाली पुलिस ने हरियाणा के फर्जी नंबर के ट्रक में भरी अरुणाचल प्रदेश की लाखों रुपये की अवैध शराब पकड़ी है। मौके से चार स्थानीय लोगों को सेल्समैनी करते पकड़ा है, चालक- हेल्पर फरार हो गए हैं। पकड़ी गई 389 शराब पेटियों में करीब 4600 बोतलें हैं जिनमें देसी और अंग्रेजी दोनों तरह की शराब है। बिना होलोग्राम के होने के कारण पुलिस शराब को नकली होना भी मान रही है। पकड़ी गई शराब की कीमत 10 लाख रुपये से अधिक बताई जा रही है।
पुलिस के अनुसार शनिवार देर रात गश्त के दौरान मुखबिर से सूचना मिली थी कि एक ट्रक में अवैध शराब दढ़ियाल- काशीपुर मार्ग पर स्थित ग्राम अकबराबाद में मौजूद जिया स्टोन क्रेशर के पास खुले में बेची जा रही है। सूचना पर एसआई पंकज चौधरी पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे। पुलिस को आता देख शराब बेच रहे लोगों में भगदड़ मच गई जिसमें एक व्यक्ति भागने में सफल हो गया जबकि बाकी चार लोगों को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया। ट्रक की तलाशी लेने पर पुलिस को ट्रक से करीब 389 पेटियां मिलीं, जिनमें से 179 पेटी देसी शराब तथा 210 पेटी अंग्रेजी शराब की पाई गईं हैं।
जांच में शराब की बोतलों पर सरकारी होलो ग्राम नहीं पाया गया, जिससे शराब के नकली होने का भी अंदेशा है। पुलिस ने मौके से चार आरोपी विशाल, विनोद, राकेश निवासीगण मुवाना तथा विपिन निवासी मेवला कला सभी थाना टांडा को गिरफ्तार किया है। कोतवाली प्रभारी निरीक्षक रामपाल सिंह भाटी ने बताया पकड़ी गई शराब पर लगे लेबल से पता चला है कि यह शराब अरुणाचल प्रदेश में बेचने के लिए लाई गई थी लेकिन उक्त आरोपियों द्वारा शराब को अवैध रूप से क्षेत्र में बेचा जा रहा था। साथ ही पकड़े गए ट्रक पर भी फ़र्जी रजिस्ट्रेशन नंबर पाया गया है।
रॉयल स्टाइल का लेबल लगा है व्हिस्की की बोतलों पर ः पकड़ी गई अंग्रेजी मार्का व्हिस्की पर रायल स्टाइल का लेबल लगा हुआ है। इसी पर लिखा है अरुणाचल प्रदेश में बिक्री के लिए। शराब असली है कि नकली यह तो जांच के बाद पचा चलेगा लेकिन रॉयल स्टाइल व्हिस्की प्रीमियम क्वालिटी की मानी जाती है। उसकी कीमत भी (लगभग साढ़े आठ सौ रुपये प्रति 750 एमएल) सामान्य अंग्रेजी शराब की अपेक्षा अधिक बताई गई है।