जिले में बुखार का कहर कम होने का नाम नहीं ले रहा है। बिलासपुर में सभासद की पत्नी और सैदनगर में एक वृद्धा की मौत हो गई। जिले में अब तक बुखार से मरने वालों का आंकड़ा 46 पहुंच चुका है। जिसकी वजह से ग्रामीण में खौफ का माहौल है।
जिले में बुखार से सबसे अधिक प्रभावित स्वार और सैदनगर क्षेत्र हैं। इनके हर गांव में बुखार कहर बनकर टूट रहा है। हर घर में कोई न कोई बुखार पीड़ित है। बुखार-डेंगू से मरने वालों में भी सबसे अधिक सैदनगर क्षेत्र के ही हैं। क्षेत्र के सींगनखेड़ा में गुरुवार रात एक और बुखार पीड़िता की मौत हो गई। सींगनखेड़ा निवासी लीलावती को पिछले चार दिन से बुखार आ रहा था। परिजनों द्वारा उसका उपचार स्थानीय निजी चिकित्सकों से कराया जा रहा था। गुरुवार रात लीलावती की मौत हो गई। उधर शुक्रवार को सींगनखेड़ा समेत आसपास के गांवों मझरा हशमतगंज, खरगपुर, आजमगढ़, आलियागंज, शौकतनगर, भजनपुर और अहमदनगर आदि गांवों में फागिंग कराई गई।
बिलासपुर के मोहल्ला साहूकारा के वार्ड 25 के सभासद मुमताज अहमद की पत्नी अकीला बानो को कुछ समय पूर्व बुखार आ गया था। बुखार का सभासद ने रामपुर, बरेली, रुद्रपुर, हल्द्वानी में भी इलाज कराया, मगर, मगर उनकी हालत में सुधार नहीं हुआ। गुरुवार की रात सभासद की पत्नी ने अपने घर में ही दम तोड़ दिया जिन्हें गमजदा माहौल में शुक्रवार की शाम कब्रिस्तान में सुपुर्द ए खाक कर दिया गया। पूर्व सभासद अफरोज अहमद ने बताया कि मृतका के दो पुत्र व पांच पुत्रियां हैं। पूरे दिन शोक जताने वालों का सभासद के घर पर तांता लगा रहा।