अलग-अलग क्षेत्रों में बुखार से तीन लोगों की मौत हो गई। दढ़ियाल कस्बे में बुखार बुखार से महिला की मौत हो गई। इससे परिवार में कोहराम मच गया। कस्बे के मोहल्ला मझरा निवासी किसान याक़ूब की पत्नी रहीसन(60) को एक सप्ताह पूर्व बुखार आया था। स्थानीय चिकित्सकों से इलाज के बाद भी महिला के स्वास्थ्य में कोई सुधार न होने पर महिला उत्तराखंड के बाजपुर में निजी चिकित्सक को दिखाया गया। तीन दिन पहले तबियत ज्यादा बिगड़ने पर परिजनों ने महिला को मुरादाबाद के एक चिकित्सालय में भर्ती कराया लेकिन बुधवार को अस्पताल के डॉक्टरों ने हाथ खड़े कर दिए।इसके बाद परिजन महिला को बुधवार शाम घर ले आए जहाँ पर रात में महिला ने दम तोड़ दिया। महिला की मौत से परिजनों में कोहराम मचा है।
उधर ढकिया चैाकी क्षेत्र के गांव गदमर निवासी रामसिंह बंदार गांव के उच्च प्राथमिक विद्यालय में हेडमास्टर के पद पर तैनात थे। कल रात उन्हें तेज बुखार आया तो परिजनों ने गांव में ही निजी चिकित्सक से उपचार कराया। लेकिन उनकी हालत में सुधार होने की बजाय हालत और बिगड़ती चली गई। हालत गंभीर होने पर परिजन उन्हें रात में ही चंदौसी ले गए। जहां उपचार के दौरान उनकी मौत हो गई। हेडमास्टर की मौत होने से घर में कोहराम मच गया। परिजनों का रो रोकर बुरा हाल था। खंड शिक्षाधिकारी सर्वेश कुमार सहित तमाम शिक्षकों ने मृतक हेडमास्टर के घर पहुंचकर शोक व्यक्त करते हुए परिजनों को ढांढस बंधाया।
मिलक नगर निवासीभाजपा के नगर उपाध्यक्ष एवं व्यापारी देवेंद्र सिंह नागपाल की पत्नी भूपेंद्र कौर उर्फ रानी को चार दिन पहले तेज बुखार आया था। जिस पर परिवार वाले इलाज के लिए बरेली ले गए थे। जहां पर भरती भूपेंद्र कौर की हालत बिगड़ने पर उनको एक मेडिकल कालेज में इलाज के लिए भरती कराया गया था। जहां पर डेंगू आशंकित भूपेंद्र कौर की मौत हो गई। बुखार से मौत पर परिवार में कोहराम मचा है। वहीं दूसरी ओर नगर में बुखार से कई लोग चपेट में हैं। बुखार से मौत पर लोगों में खलबली मची है। इससे पहले नगर में बुखार से दो मौतें हो चुकी हैं ,लेकिन स्वास्थ्य महकमा नहीं चेता है। पालिका से फागिंग की मांग की थी, लेकिन सुध नहीं ली है। कोतवाली में तैंनात डेंगू पीड़ित दारोगा श्री ओम शुक्ला बरेली में भरती हैं तथा बुखार पीड़ित व्यापारी नेता अशोक बजरंगी भरती हैं।