रामपुर। दो पैन कार्ड मामले में सात साल की सजा पाने वाले सपा नेता आजम खां अपने बेटे अब्दुल्ला आजम के साथ एक ही जेल में रहेंगे या फिर अलग-अलग। इस मुद्दे पर कोर्ट में जेल प्रशासन की रिपोर्ट नहीं पहुंच पाई, जिस वजह से मंगलवार को सुनवाई नहीं हो सकी। जिला प्रशासन के प्रार्थना पत्र पर कोर्ट बुधवार को सुनावई करेंगा।
सजा के बाद अब्दुल्ला आजम और आजम खां के अधिवक्ताओं ने कोर्ट में एक प्रार्थना पत्र दिया था, जिसमें दोनों की सुरक्षा को लेकर सवाल उठाते हुए कहा था कि उनको ए श्रेणी की सुरक्षा वाली जेल में रखा जाए। उनकी इच्छा थी कि आजम व अब्दुल्ला को एक ही जेल में रखा जाए। दोनों को अलग-अलग जेल में न रखे जाने की अपील की गई थी। कोर्ट ने इस मामले में जेल प्रशासन से रिपोर्ट तलब की गई थी।
मामले में मंगलवार को सुनवाई होनी थी,लेकिन देर शाम तक कोर्ट में जेल प्रशासन की रिपोर्ट नहीं पहुंच सकी, जिसकी वजह से इस मामले की सुनवाई नहीं हो सकी। अब इस मामले की सुनवाई बुधवार को होगी।