गर्मी में बिजली की वक्त-बेवक्त कटौती रामपुर की बड़ी समस्या बनती जा रही है। शहरी क्षेत्रों में कई-कई घंटे की कटौती की जा रही है, ग्रामीण क्षेत्रों में तो बिजली के दर्शन भी नहीं रहे हैं। इस समस्या को लेकर बिजली विभाग के अधिकारी के साथ-साथ जिला प्रशासन भी मूक दर्शक बना हुआ है। वहीं लोगों के समक्ष पेयजल संकट उत्पन्न होता जा रहा है। अपने को जनता का प्रतिनिधि कहने वाले राजनेता भी इस समस्या पर चुप्पी साधे हुए हैं।
रामपुर में बिजली की कटौती की समस्या पिछले कई दिनों से बनी हुई है। गरमी बढ़ने के साथ-साथ यह समस्या भी बढ़ती जा रही है। शहरी क्षेत्रों के लिए 24 घंटे की आपूर्ति के आदेश होने के बाद कई क्षेत्रों में अघोषित कटौती की जा रही है। जिसको लेकर लोग परेशान चल रहे हैं।
कई-कई घंटे की कटौती से घरों में लगे इंवर्टर भी जबाव दे जा रहे हैं। गर्मी में छोटे बच्चों का बुरा हाल हो रहा है।बिजली कटौती के विरोध में शुक्रवार को अखिल भारतीय राहुल गांधी ब्रिगेड के कार्यकर्ताओं ने बिजली विभाग के कार्यालय पर प्रदर्शन कर ज्ञापन सौंपा।साथ ही शेडयूल के मुताबिक क्षेत्रों में निर्बाध आपूर्ति की मांग की जिससे लोगों को समय से जलापूर्ति हो सके।
ब्रिगेड के मंडल उपाध्यक्ष सैय्यद विक्की मियां का कहना है कि दोमहला रोड़, किला, मोरी गेट, पीला तालाब, राजद्वारा सहित शहर के अन्य कई इलाकों में रात के वक्त घंटों की कटौती की जा रही है। उन्होंने चेतावनी दी है कि अगर इस समस्या का समाधान नहीं किया गया तो ब्रिगेड के कार्यकर्ता सड़क पर उतरकर विरोध प्रदर्शन करेंगे।
इस मौके पर फारज मियां, मिनहाज मियां, आसिम मियां, आमिर, मोनिस मियां, फैसल मियां, भूकन सिंह, सतीश रस्तोगी, विपिन रस्तोगी, कैलाश राणा और आशुतोष त्रिपाठी सहित अन्य कई कार्यकर्ता मौजूद रहे।