मिलक। चार गोवंशीय पशुओं के अवशेष मिलने पर गुस्साए बजरंग दल के सदस्यों ने पुलिस प्रशासन के खिलाफ कोतवाली के सामने हाईवे पर अवशेष रखकर प्रदर्शन किया। प्रदर्शनकारियों ने हाईवे जाम कर करीब घंटे भर से ज्यादा धरना दिया। पुलिस अफसरों के खिलाफ नारेबाजी की। सीओ और प्रभारी निरीक्षक ने कार्रवाई का भरोसा देकर वार्ता की और जाम खुलवाया।
कोतवाली क्षेत्र के धनेली उत्तरी बाईपास के पास सुबह चार गोवंशीय पशुओं के शव और अवशेष खुले में पड़े हुए दिखे। इसकी जानकारी हिंदू संगठनों को हुई तो पुलिस प्रशासन के खिलाफ आक्रोश फैल गया। इस बीच बजरंग दल रामपुर के जिला गोरक्षा प्रमुख मुकेश पटेल के नेतृत्व में तमाम संगठन के कार्यकर्ता घटना स्थल पर पहुंच गए। अवशेषों को लेकर नगर में कोतवाली गेट के सामने हाईवे पर पहुंच गए जहां पर आक्रोशित कार्यकर्ताओं ने पुलिस के खिलाफ नारेबाजी की। कार्यकर्ता यहां पर ही धरने पर बैठ गए और हनुमान चालीसा का पाठ करने लगे। हाईवे पर कोतवाली के सामने प्रदर्शन और जाम की सूचना पर पुलिस के हाथ-पैर फूल गए।
सूचना पर सीओ श्री कांत प्रजापति मौके पर पहुंच गए। जहां पर प्रदर्शन करने वालों ने पहले दौर में उनकी अनसुनी कर दी। उनका कहना था कि एसपी के आने तक जाम नहीं खुलेगा और प्रदर्शन जारी रहेगा ,लेकिन पुलिस ने अपना प्रयास नहीं छोड़ा और उन्होंने हिंदू संगठनों के नेताओं से दोबारा बात की और 24 घंटे में कार्रवाई का भरोसा दिया। इस पर सीओ श्रीकांत प्रजापति, प्रभारी निरीक्षक अनिल कुमार सिंह और वरिष्ठ उप निरीक्षक बृजेश कुमार सिंह के समझाने पर प्रदर्शनकारी लोग सीओ के साथ कोतवाली जाने को राजी हो गए और धरना चलता रहा। इसके बाद कोतवाली परिसर में सीओ से बैठकर बात की जहां पर लोगों की भीड़ लग गई। कार्यकर्ताओं का कहना था कि पुलिस अफसरों के इशारे पर गोकशी रोजाना हो रही है जिस पर कोई अंकुश नहीं है। पुलिस राहगीरों का उत्पीड़न कर रही है। जिनकी कोई सुनने वाला नहीं है। वार्ता के बीच पूर्व विधायक बीना भारद्वाज भी मौके पर पहुंच गईं और पुलिस से बात की। पुलिस प्रशासन और प्रदर्शन कारियों के बीच बातचीत होने पर धरना समाप्त हो गया।
इस दौरान विहिप के नगराध्यक्ष प्रिंस गुप्ता, सर्वेश गंगवार, रवि शर्मा, अमृत गौड़, संजीव गुप्ता,रोहित गंगवार,आशीष गंगवार, संजीव कुमार, हरिओम गोस्वामी, रामानंदन शर्मा, कमल शर्मा, सुशांत आर्य, सुरेश पटेल,सुनील पांडेय, राजू गुप्ता, राकेश गंगवार आदि तमाम लोग रहे।