रामपुर। जिले में समाजवादी पार्टी के अलावा कोई भी दल अपनी पांचों विधानसभा सीटों पर प्रत्याशियों के नामों का एलान नहीं कर सका है। सूत्रों की माने तो भाजपा स्वार सीट गठबंधन के खाते में दे सकती है, जबकि कांग्रेस के चमरौआ प्रत्याशी टिकट मिलने के बाद सपा में चले गए थे। ऐसे में कांग्रेस की मिलक सुरक्षित सीट व चमरौआ सीट रिक्त रह गई है। माना जा रहा है कि पार्टी सटीक चेहरों की तलाश में है। जबकि, बसपा जिले में किसी भी सीट पर अपने प्रत्याशी नहीं उतार सकी है। हालांकि, बसपा ने प्रभारियों का एलान कर दिया है और एक या दो दिनों पार्टी अपने प्रत्याशी घोषित कर सकती है।
विधानसभा चुनाव के लिए 21 जनवरी से नामांकन प्रक्रिया शुरूहो जाएगी। लेकिन, समाजवादी पार्टी को छोड़कर कोई भी पार्टी अपने सभी प्रत्याशियों के नामों का एलान नहीं कर सकी है। सपा ने शहर विधानसभा सीट से सांसद आजम खां, स्वार से अब्दुल्ला आजम, चमरौआ से नसीर अहमद खां, मिलक सुरक्षित सीट से विजय सिंह और बिलासपुर से अमरजीत सिंह को प्रत्याशी बनाया है। वहीं, भाजपा ने शहर विधानसभा सीट से आकाश सक्सेना, चमरौआ से मोहन कुमार लोधी, बिलासपुर से बलदेव सिंह औलख और मिलक सुरक्षित सीट से राजबाला को प्रत्याशी बनाया है। भाजपा स्वार सीट से अभी प्रत्याशी घोषित नहीं कर सकी है। पार्टी सूत्रों की माने तो भाजपा अपने सहयोगी दलों को यह सीट दे सकती है। लिहाजा, संभवतया इसी कारण से पार्टी ने इस सीट पर अपना प्रत्याशी घोषित नहीं किया है। जबकि, कांग्रेस ने भी चार सीटों पर अपने प्रत्याशी उतार दिए थे। इसमें शहर विधानसभा सीट से नवाब काजिम अली खां उर्फ नवेद मियां, स्वार से हमजा मियां, बिलासपुर से संजय कपूर व चमरौआ से यूसुफ अली को टिकट दिया गया था, लेकिन टिकट मिलने के 24 घंटे बाद यूसुफ अली सपा में शामिल हो गए थे। ऐसे में कांग्रेस की यह सीट भी फिलहाल रिक्त ही है। जबकि, मिलक सुरक्षित सीट पर प्रत्याशी का एलान नहीं किया था। यहां पार्टी को सही चेहरे की तलाश है। वहीं, बसपा ने अभी तक किसी भी सीट पर अपने प्रत्याशी घोषित नहीं किए हैं। हालांकि, पार्टी ने विधानसभा क्षेत्र प्रभारी नियुक्त कर दिए हैं। पार्टी सूत्रों की माने तो बसपा को भी सटीक चेहरों की तलाश है।