रामपुर। वर्तमान समय में खरीफ फसलों की बुआई लगभग समाप्त हो चुकी है। ऐसे में किसानों को यूरिया, एनपीके, डीएपी आदि उर्वरकों की आवश्यकता होती है। ऐसे में जिला कृषि अधिकारी ने किसानों को कोई भी समस्या होने पर उन्हें सूचना देने की अपील की है, ताकि समस्या का तत्काल समाधान कराया सके।
जिला कृषि अधिकारी नरेन्द्र पाल ने बताया कि कृषक किसी भी तरह की अपवाहों पर ध्यान न दें। जनपद में उर्वरक पर्याप्त मात्रा में उपलब्ध है। किसी भी प्रकार के उर्वरकों की कोई भी कमी जनपद में नहीं है। यूरिया उर्वरक की लक्ष्य के अनुसार लगभग 54000 मीट्रिक टन की आवश्यकता पूरे खरीफ मौसम में होती है।
जारी खरीफ में एक अप्रैल से 28 जुलाई तक 43383 मीट्रिक टन यूरिया का वितरण किसानों वितरित किया जा चुका है, जबकि गत वर्ष इसी समय अवधि में केवल 41410 मीट्रिक टन यूरिया का ही क्रय कृषकों द्वारा किया गया था। माह अगस्त में लगभग 6000 मीट्रिक टन यूरिया की आवश्यकता होगी, जबकि वर्तमान में जनपद में 7200 मीट्रिक टन यूरिया उपलब्ध है तथा माह अगस्त एवं सितंबर में 11000 मीट्रिक टन से अधिक यूरिया जनपद में और प्राप्त होगा।
जिला कृषि अधिकारी ने बताया कि जनपद की मांग से कहीं ज्यादा उपलब्धता जनपद में हैं। कुछ सहकारी समितियों पर पीओएस मशीन में तकनीकी समस्या के कारण 27 जुलाई को उर्वरक का वितरण विक्रय कुछ घंटों के लिए बाधित हुआ था, जिसका समाधान 27 जुलाई को ही करा दिया गया था। कृषकों को समय पर उर्वरकों की उपलब्धता प्राप्त होगी। यदि किसी कृषक को किसी प्रकार की कोई भी समस्या होती है तो उन्हें सूचना दें। किसानों की समस्या का तत्काल समाधान कराया जाएगा।