बिलासपुर। कोतवाली क्षेत्र में एक सप्ताह पहले लकड़ी बीनने जंगल गए बुजुर्ग मोहम्मद नूर (62) का शव शुक्रवार दोपहर आरक्षित डंडिया जंगल के किनारे क्षत-विक्षत अवस्था में पड़ा मिला। पुलिस ने शव के पास से मृतक की साइकिल और एकत्र की गई कुछ लकड़ियां बरामद की हैं। शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है।
कोतवाली प्रभारी जीत सिंह के अनुसार 26 अगस्त को ग्राम ज्वालापुर भैंसिया निवासी आले नबी ने गुमशुदगी दर्ज कराई थी कि 25 अगस्त की सुबह उनके पिता मोहम्मद नूर (62) लकड़ी बीनने के लिए डंडिया वन की ओर गए थे। इसके बाद वह वापस नहीं लौटे। वह उन्हें लगातार तलाश कर रहे थे। पुलिस ने गुमशुदगी दर्ज कर तलाश शुरू कर दी थी।
शुक्रवार दोपहर करीब 12 बजे विशनपुरी के ग्रामीणों ने पुलिस को सूचना दी कि डंडिया जंगल के किनारे बिशनपुरी निवासी दलजीत सिंह के खेत के पास एक व्यक्ति का शव क्षत-विक्षत हालत में पड़ा है। सूचना पर पुलिस टीम मौके पर पहुंची और शव को कब्जे में लेकर शिनाख्त का प्रयास किया। ज्वालापुर भैंसिया के लोगों ने शव की शिनाख्त मोहम्मद नूर के रूप में की। सूचना पर परिवार के लोग भी विलाप करते हुए मौके पर पहुंच गए।
पुलिस के मुताबिक, मृतक गरीब परिवार से ताल्लुक रखते थे और लकड़ी बेचकर परिवार का पालन-पोषण करते थे। मृतक के शरीर पर किसी तरह की चोट का निशान नहीं मिला है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने पर ही मौत का कारण स्पष्ट हो सकेगा। परिवार में तीन पुत्र और तीन पुत्रियां हैं। पत्नी बानो का भी रो-रोकर बुरा हाल था। पुलिस मामले की जांच कर रही है।