बेटी ‘बचाओ-बेटी पढ़ाओ योजना’ के तहत दो लाख रुपये मिलेंगे... इस तरह की अफवाह फैलाकर धंधेबाज मनमानी कीमत पर योजना के फर्जी फार्म बेच रहे हैं। इन फार्मों की रजिस्ट्री व जमा कराने के लिए डाकघरों में लोगों की भीड़ उमड़ पड़ी। डाकघरों में हालात बेकाबू हो गए। मिलक में भीड़ ने डाकघर में तोड़फोड़ कर दी, जबकि रामपुर और स्वार में हंगामा और धक्कामुक्की की। पुलिस से भी नोकझोंक हुई। हालांकि, पुलिस ने किसी तरह हालात काबू में किए। इधर, अधिकारियों का कहना है कि केंद्र या राज्य सरकार की ऐसी कोई योजना नहीं है। फर्जी फार्म बेचने वालों पर सख्त कार्रवाई की जाएगी।
मंगलवार को मिलक में यह अफवाह नगर से गांवों तक पहुंच गई। कई गांवों में प्रधानों और दलालों ने फार्म के नाम पर सौ-सौ रुपये तक वसूल लिए। गांवों के डाकघरों पर टिकट खत्म हो गए तो आसपास के गांवों की भीड़ नगर के डाकघर में पहुंच गई। जिससे यहां पर अफरातफरी का माहौल हो गया। लोगों के बीच धक्कामुक्की शुरू हो गई। बेकाबू भीड़ ने काउंटर में तोड़फोड़ कर दी। कंप्यूटर और अन्य चीजें फेंक दी। जिससे विभागीय कर्मचारियों में दहशत फैल गई। सूचना पर पहुंची पुलिस ने भीड़ को बमुश्किल शांत किया, लेकिन भीड़ यहां पर जमा रही। जिस पर डाकघर का शटर बंद करना पड़ा।
रामपुर के मुख्य डाकघर में दोपहर तक हजारों लोगों की भीड़ टूट पड़ी। भीड़ के आगे व्यवस्थाएं ठप हो गईं। जिससे हंगामा शुरू हो गया। हंगामे के बीच पुलिस भी यहां पहुंच गई। लोगों ने पुलिस को भी घेर लिया। इस दौरान पुलिस ने लोगों को समझाने की कोशिश की। पुलिस से नोकझोंक भी हुई। इसी तहर ज्वाला नगर के पोस्ट आफिस पर भी भीड़ डटी रही। यहां पर भी हंगामा हुआ। रजिस्ट्री न करने को लेकर हंगामा होता रहा। स्वार में भी डाकघर में फार्म जमा करने को भारी भीड़ उमड़ी। हंगामा हुआ तो एसडीएम के निर्देश पर पहुंची पुलिस ने लोगों को समझा-बुझाकर वापस भेजा। यहां फार्म 30 से 50 रुपये तक में बिका।
एसडीएम गजेंद्र कुमार ने बताया कि सरकार द्वारा ऐसा कोई अनुदान दिए जाने की सूचना नहीं है। यह मात्र अफवाह है। उन्होंने अफवाह फैलाने वाले लोगों के खिलाफ कार्रवाई के निर्देश दिए। टांडा में हजारों फार्म डाकघरों में जमा हो चुके हैं। एक फार्म की कीमत 10 रुपये वसूली जा रही है। शाहबाद के डाकघर में फार्म जमा न किए जाने पर लोगों ने हंगामा किया। सूचना पर तहसीलदार के साथ मौके पर पहुंचे