जिले में खनन माफिया अब कोसी नदी की छाती चीरने में डटे हैं। लेकिन प्रशासन सख्त नहीं हो रहा है। अवैध खनन से कोसी की धार प्रभावित हो रही है जिससे किसानों के खेत बर्बादी के कगार पर हैं, क्योंकि पानी का रुख खेतों की ओर जा रहा है। शहर के पास कोसी नदी में शनिवार को दिन भर खनन कर रेता लेकर ट्रैक्टर ट्रालियां जाती रहीं। लेकिन पुलिस प्रशासन के अफसरों की निगाह नहीं पड़ी।
पिछले दिनों जिलाधिकारी अमित किशोर ने अवैध खनन रोकने के लिए सख्ती की और मौके पर छापामारी की। माफिया फरार हो गए थे, और खनन का रेता से भरे ट्रकों को पकड़कर सीज करा दिया था। लेकिन खनन फिर भी नहीं रुक रहा है। शहर के पास कोसी नदी में जमकर अवैध खनन हो रहा है।
शनिवार को भी माफिया के गुर्गे दिनभर खनन में लिप्त रहे। खुलेआम ट्रैक्टर ट्रालियों से खनन ढोया जाता रहा। लेकिन पुलिस प्रशासन के अधिकारियों को दिन में अवैध खनन होते और भरकर जाते नहीं दिखा। साफ जाहिर है कि अवैध खनन करने वाले गाजियाबाद-मेरठ के माफिया के तार किसी आका से जुड़े हैं, उसी के संरक्षण में खनन कराया जा रहा है। उधर, रामपुर शहर से सटे कोसी पुल के पास रेलवे लाइन और हाईवे के पुलों के पास से भी खनन हो रहा है, दिन में ट्रालियों में भरकर रेता जा रही है, लेकिन पुलिस आंख बंद करे सब देख रही है।