डॉ. सुशीला तिवारी राजकीय चिकित्सालय में रामपुर जिले की 76 वर्षीय महिला कोरोना पॉजिटिव पाई गई। महिला के थ्रोट स्वाब सैंपल की जांच में संक्रमण की पुष्टि हुई थी। अस्पताल के एक वार्ड में आइसोलेट कर उसका उपचार किया गया। हालत में सुधार होने पर उसे डिस्चार्ज कर दिया गया।
अस्पताल प्रशासन ने शासन को मामले से अवगत कराया। शासन स्तर से इस संबंध में जांच के लिए स्थानीय प्रशासन को पत्र भेजा गया है। नगर मजिस्ट्रेट एपी बाजपेयी ने बताया कि महिला मूल रूप से रामपुर जिले के बिलासपुर क्षेत्र की रहने वाली हैं। स्वास्थ्य खराब होने पर परिजनों ने उन्हें पिछले माह निजी अस्पताल में भर्ती कराया था। वहां कुछ दिन इलाज करने के बाद उन्हें सात जुलाई को सुशीला तिवारी अस्पताल रेफर कर दिया गया। उन्हें सांस संबंधी परेशानी भी थी। इस पर उनकी कोरोना जांच कराई गई। नौ जुलाई को आई रिपोर्ट में वह पॉजिटिव पाई गईं। इस पर उन्हें अस्पताल में आइसोलेट कर उपचार दिया गया। साथ ही महिला के संपर्क में आए सभी लोगों की निगरानी की गई। अस्पताल प्रबंधन ने रामपुर के मुख्य चिकित्साधिकारी को भी पत्र भेजकर आवश्यक कार्रवाई करने के लिए कहा।
सुशीला तिवारी अस्पताल के मेडिसिन विभाग के विभागाध्यक्ष डाॅ. परमजीत सिंह का कहना है कि कोविड को लेकर दहशत जैसी स्थिति नहीं है। यदि एक के बाद एक कई मरीज कोविड संक्रमित मिलते हैं तो स्थिति चिंताजनक हो सकती है लेकिन यहां ऐसा कुछ भी नहीं है। कोविड गाइडलाइन के अनुसार मरीज का उपचार किया गया। अब उनकी हालत में सुधार है। उनके परिजनों में संक्रमण के कोई लक्षण नहीं मिले।