लोनिवि ने छह माह से पुल असुरक्षित बताकर लगाया अवरोधक, 2.8 करोड़ की स्वीकृति के बाद भी काम ठप
संवाद न्यूज एजेंसी
पटवाई। जोलपुर मार्ग पर नाले पर बना पुल लंबे समय से जर्जर हालत में है। लोक निर्माण विभाग ने पुल के दोनों ओर पिछले छह माह से अवरोधक लगाकर उसे असुरक्षित घोषित कर रखा है, लेकिन अब तक मरम्मत या निर्माण कार्य शुरू नहीं हो सका है। पुल बंद होने से करीब 30 गांवों के लाखों लोग परेशान हैं।
सोहना गांव के पास स्थित यह पुल करीब 30 गांवों को पटवाई से जोड़ता है। पुल पर चार पहिया वाहनों का आवागमन पूरी तरह बंद है, केवल दोपहिया वाहन ही किसी तरह गुजर पा रहे हैं। इससे स्कूल वैन और एंबुलेंस समय से गांवों तक नहीं पहुंच पा रही हैं। मजबूरी में बड़े वाहनों को घोसीपुरा या नारायणपुर होकर करीब दस किलोमीटर अतिरिक्त दूरी तय करनी पड़ रही है, जिससे समय और ईंधन दोनों की बर्बादी हो रही है।
नवंबर माह में शासन की ओर से लोक निर्माण विभाग को पुल निर्माण के लिए 2.8 करोड़ रुपये की मंजूरी मिल चुकी है, लेकिन एक माह बीतने के बाद भी मौके पर कोई काम शुरू नहीं हुआ है। स्थानीय लोगों का कहना है कि कई बार शिकायत के बावजूद स्थिति जस की तस बनी हुई है। बाहर से आने वाले लोगों को भी पुल बंद होने के कारण रास्ता भटकना पड़ता है।
इस संबंध में लोक निर्माण विभाग के अधिशासी अभियंता गौरव सिंह ने बताया कि टेंडर निकाल दिए गए हैं और जल्द ही पुल निर्माण का कार्य शुरू किया जाएगा।
परेशान लोग बोले-
इस समस्या से बहुत परेशान हैं। करीब छह माह से पुल बंद है। बड़े वाहन से पटवाई पहुंचने के लिए घोसीपुरा या नारायणपुर होकर जाना पड़ता है, जो रास्ता काफी लंबा है। संबंधित अधिकारियों ने आज तक न तो कच्चा पुल बनाया है और न ही काम शुरू किया है। -पप्पू सिंह
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गांव से पटवाई तीन किलोमीटर दूर है। पुल बंद होने से घोसीपुरा होकर जाना पड़ता है। करीब सात किलोमीटर अतिरिक्त चलना पड़ता है। चार पहिया वाहन पूरी तरह बंद हैं। गांव में समय से एंबुलेंस व स्कूल वैन भी नहीं पहुंच पाती है। -आमरपाल राजपूत
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पटवाई रोज आना-जाना रहता है। सोहना पर बना पुल बंद होने से काफी परेशानियां हैं। अगर चार पहिया वाहन से जाना हो तो घोसीपुरा गांव होकर जाना पड़ता है। अगर गांव में कोई बीमार हो जाए तो समय से एंबुलेंस भी नहीं पहुंचती। -आलीम
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पुल बंद होने से सभी को काफी परेशानी है। लोग काफी घूमकर पटवाई पहुंचते हैं। गांव व शादी विवाह हो तो बड़े वाहन दूसरे गांव होकर भटकते हुए आ पाते हैं। पुल जल्द ठीक किया जाए। -हरिओम