बुखार के बाद अब जिले में डेंगू ने पैर पसारना शुरू कर दिया है। शाहबाद के खरसौल गांव निवासी डेंगू आशंकित युवक की इलाज के दौरान बरेली के अस्पताल में मौत हो गई। वहीं, रविवार को भी जिला अस्पताल में डेंगू आशंकित दो मरीज पहुंचे। इसमें एक महिला को डेंगू वार्ड में भर्ती कर लिया गया है।
वहीं, बरेली के सिरौली से रिश्तेदारी में रामपुर आए नसीफ खां डाक्टरों से सलाह लेने के बाद वापस चले गए। जिले में डेंगू के मामले सामने आमने के बाद नगर विकास मंत्री आजम खां ने जिला प्रशासन, नगर पालिका और जिला अस्पताल को आवश्यक निर्देश जारी किए हैं।
शाहबाद के खरसौल गांव निवासी रिजवान दिल्ली के कपासखेड़ा में सब्जी बेचता था। दिल्ली में ही उसे कुछ दिन पहले बुखार आया था। वो गांव आ गया। गांव के पास ही एक डाक्टर से इलाज कराया। हालत में सुधार न होने पर परिजन उसे मुरादाबाद के निजी चिकित्सक के पास ले गए।
निजी चिकित्सक ने डेंगू की आशंका जताते हुए उसे बाहर ले जाने की सलाह दी थी। परिजन उसे बरेली के दीपमाला अस्पताल ले गए थे। यहां इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई। परिजनों के मुताबिक डाक्टरों ने रिजवान को डेंगू पीड़ित बताया था। वहीं, सीएमओ को कहना है कि उनको शाहबाद के युवक की डेंगू से मौत होने के बारे में जानकारी नहीं है। जानकारी मिलने के बाद आवश्यक कदम उठाए जाएंगे।
वहीं, रविवार को जिला अस्पताल में डेंगू आशंकित दो मरीज पहुंचे। इसमें नसीफ खां बरेली के सिरौली के रहने वाले हैं। वो यहां रिश्तेदारी में आए थे और उनको तेज बुखार आ गया था। डाक्टरों से सलाह लेने के बाद वो वापस बरेली चले गए। उधर, सिविल लाइंस थाना क्षेत्र के अजीतपुर निवासी शकीना बी को चार दिन से बुखार आ रहा था।
परिवार के लोग उसका पास के ही निजी अस्पताल में उपचार करा रहे थे। खून की जांच में डेंगू होने की बात सामने आई है। परिजनों ने ने शकीना बी को जिला अस्पताल में भर्ती कराया है। शकीना की बेटी नसरीन का कहना है कि प्लेटलेट्स की संख्या कम होने पर उनको जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया है।