रामपुर। प्राथमिक शिक्षक संघ ने इंचार्ज प्रधानाध्यापकों को 31 अक्तूबर तक प्रधानाध्यापक का वेतन और एरियर देने की मांग की है। संघ ने चेतावनी दी है कि निर्धारित समय तक भुगतान नहीं होने पर शिक्षक आंदोलन करने को बाध्य होंगे। इस संबंध में बीएसए को ज्ञापन भी सौंपा गया।
शुक्रवार को संघ का प्रतिनिधिमंडल बीएसए कल्पना देवी से मिला। प्रतिनिधिमंडल ने कहा कि जनपद में इंचार्ज शिक्षकों को प्रधानाध्यापक के समान वेतन और एरियर का भुगतान नहीं किया जा रहा है, जबकि इस संबंध में कोर्ट और शासन की ओर से लगातार आदेश जारी किए जा रहे हैं।
संघ ने कहा कि विभागीय कार्यालय की कार्यशैली से शिक्षकों में गहरा आक्रोश है। इसलिए 31 अक्तूबर तक सभी पात्र इंचार्ज शिक्षकों को वेतन और एरियर का भुगतान सुनिश्चित किया जाए।
संघ ने महानिदेशक के आदेशों का हवाला देते हुए शिक्षकों का एक दिन का वेतन रोकने की कार्रवाई को अनुचित बताया। पदाधिकारियों ने कहा कि आकस्मिक अवकाश का बैलेंस उपलब्ध रहने तक शिक्षक का एक दिन का वेतन नहीं रोकने के निर्देश हैं। इ
सके बावजूद जनपद में कई शिक्षकों का एक दिन का वेतन रोक दिया गया है। संघ ने 31 अक्तूबर तक ऐसे शिक्षकों का रुका हुआ वेतन बहाल करने की मांग की।
प्रतिनिधिमंडल ने जनपद की सड़कों और यातायात की स्थिति का हवाला देते हुए कहा कि 10 से 15 मिनट देर से विद्यालय पहुंचने वाले शिक्षकों का वेतन नहीं रोका जाना चाहिए। संघ ने कहा कि बेसिक शिक्षा मंत्री भी इस संबंध में सार्वजनिक रूप से बयान दे चुके हैं। इसके साथ ही मिलक विकासखंड में प्रशिक्षण के लिए देरी से पहुंचने वाले शिक्षकों के वेतन पर लगाई गई रोक हटाने की मांग भी की गई।
प्रतिनिधिमंडल में जिला अध्यक्ष कैलाश बाबू पटेल, जिला मंत्री आनंद प्रकाश गुप्ता, अंजुम स्नेही सक्सेना, मोइन मियां, अरविंद गंगवार, शकुंतला आर्य और ललित कुमार सहित अन्य पदाधिकारी मौजूद रहे।