पुलिस पूछताछ में अनिल ने बताया कि बृहस्पतिवार रात को उसने फोन पर अपनी दूसरी पत्नी सुनीता से बात की थी। इसके बाद शुक्रवार को जब वो ज्वालानगर वाले घर पर पहुंचा तो उसने दरवाजा बंद था। उसने कई बार दरवाजा खटखटाया लेकिन, दरवाजा नहीं खुला तो वो वापस चला गया। इसके बाद रविवार रात को उसे दो शव मिलने की सूचना मिली। पुलिस के अनुसार अनिल कहीं जा रहा था, जिसको लेकर बृहस्पतिवार रात में हुई बात के दौरान सुनीता ने उसे जाने से मना किया था। फिलहाल पुलिस जांच कर रही है। पुलिस अनिल के बयानों के आधार पर मान रही है कि बृहस्पतिवार रात को उसकी सुनीता से बात हुई थी तो शव करीब तीन दिन पुराने होंगे।
पुलिस की प्रारंभिक पूछताछ में ये बात सामने आई है कि सुनीता करीब पांच साल से अनिल के साथ रह रही थी। सुनीता भी शादीशुदा थी और तीन बच्चे भी थे। लेकिन, करीब पांच साल से वो अपने पति और बच्चों को छोड़कर अनिल कुमार के साथ रह रही थी। वहीं अनिल कुमार की पहली शादी साल 2010 में मगरमऊ निवासी मालती से हुई थी। अनिल और मालती के वैष्णवी, अनुराग और शिवलेश तीन बच्चे हुए, जिनमें से शिवलेश का शव रविवार को मिला है।
पुलिस पूछताछ में ये बात सामने आई है कि शिवलेश कक्षा दो का छात्र था और रामपुर में ही सुनीता के साथ रहकर पढ़ाई कर रहा था।
सिविल लाइंस थाना क्षेत्र में एक महिला और एक बालक का शव मिला है। सूचना पर मौके पर पहुंचकर जांच की गई है। शवों की फॉरेंसिंक जांच कराई जा रही है। अभी मौत की वजह स्पष्ट नहीं है, जांच की जा रही है। जो शव मिले हैं उनकी शिनाख्त कर ली गई है। -डॉ. संसार सिंह, एएसपी