मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने कहा कि हाथ का साथ पाकर साइकिल ने पहले चरण से ही स्पीड पकड़ ली है। पहले चरण में सबसे ज्यादा सीटें गठबंधन ही जीतेंगे। कहा कि एक बार फिर हम इतिहास रचने जा रहे हैं और प्रदेश में दूसरी दफा सरकार बनाने जा रहे हैं। उन्होंने सरकार आने पर स्वार को गोद लेने की भी घोषणा की है।
मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने शनिवार को स्वार-टांडा सीट के सपा प्रत्याशी अब्दुल्ला आजम के समर्थन में स्वार में स्वार-बिलासपुर मार्ग स्थित आईटीआई मैदान के पास सभा को संबोधित किया। साथ ही चमरौवा व शाहबाद क्षेत्र में भ्ाी सभाएं कीं। इस दौरान उन्होंने कहा कि साइकिल पहले से ही तेज दौड़ती रही है अब जब से हाथ का साथ मिला है, तब से साइकिल की गति और भी तेज हो गई है। पहले चरण का चुनाव संपन्न हो चुका है। पहले चरण में सपा-कांग्रेस गठबंधन सबसे ज्यादा सीटें जीतने जा रहा है। कहा कि दूसरे चरण में भी साइकिल की स्पीड बढ़ी रहेगी।
साइकिल कहीं भी हल्की नहीं होगी। तेज गति से दौड़ती हुई साइकिल व पंजे की सरकार बनेगी। इस बार सपा-कांग्रेस गठबंधन की सरकार बनेगी। कहा कि रामपुर की पांचों सीटों पर सपा जीतेगी। कहा कि पत्थर वाली पार्टी पर यकीन मत करना। पत्थर के हाथी आज भी लखनऊ में जस के तस खड़े हैं या फिर बैठे हैं। उन्होंने सरकार आने के बाद तमाम योजनाओं के संचालित किए जाने की बात कही।
रामपुर जिले को आदर्श जिला बनाने की भी घोषणा की। मुख्यमंत्री ने कहा कि मोहम्मद आजम खां ने नेता जी के साथ काम किया है। दोबारा सरकार आई तो वह अब्दुल्ला के साथ मिलकर काम करेंगे। साथ ही उन्होंने स्वार-टांडा को गोद लेने का एलान किया और यहां पर विकास कराने का वादा किया। कहा कि अगर सरकार आई तो हर गरीब को एक हजार रुपये प्रति माह पेंशन, स्कूली बच्चों को प्रतिमाह में एक किलो देशी घी, मिल्क पाउडर का डिब्बा, युवाओं को स्मार्टफोन सहित अन्य सुविधाएं दी जाएंगी।
स्वार में मुख्यमंत्री की सभा से पूर्व पालिकाध्यक्ष शफीक अहमद अंसारी, सपा के पूर्व जिलाध्यक्ष सरदार सतनाम सिंह, भूमि विकास बैंक के सभापति हामिद गोल्डन, पूर्व पालिकाध्यक्ष हाजी रईस अहमद अंसारी, पूर्व पालिका उपाध्यक्ष हबीब अहमद अंसारी, जफरुद्दीन खां, जिला पंचायत सदस्य इस्लाम बल्ली, जाहिद अली, अफसर खां, फरजंद अली, कदीर खां, मसवासी नगर पंचायत अध्यक्ष पति दिनेश गोयल, अकील अंसारी, इस्लाम अंसारी, शेख नदीम अहमद, असलम टीपू, मोहम्मद आजम, बेचा सेठ, हरपाल सिंह आदि लोगों ने संबोधित किया।