हंसवाहिनी मां सरस्वती के अवतरण दिवस वसंत पंचमी पर मौसम में छाई बासंती छटा। लोगों ने पीतवस्त्र धारण कर विधिविधान से मां का पूजन किया। मंदिरों में यज्ञ और प्रार्थना कार्यक्रम हुए। छात्रों ने मां सरस्वती से प्रखर बुद्धि प्रदान करने की प्रार्थना की।
ज्ञान की देवी मां सरस्वती के अवतरण दिवस वसंत पंचमी के उपलक्ष्य पर बुधवार को सुबह होते ही मंदिरों में भक्तों और छात्रों की भीड़ उमड़ी। मंदिरों में मां सरस्वती की प्रार्थना की गई। पीत वस्त्र धारण किए भक्तों ने मां से निर्मल और प्रखर बुद्धि प्रदान करने की कामना की। आवास विकास, मिस्टनगंज, ज्वालानगर आदि क्षेत्रों में स्थित मंदिरों में भक्तों ने मां को पीले वस्त्र, पीली खाद्य वस्तुएं अर्पित कीं।
मंदिरों में खिचड़ी और मीठे पीले चावलों का प्रसाद वितरित किया गया। पंडित नरेंद्र कुमार मिश्रा ने बताया कि मां सरस्वती के द्वादश नामों का जप करने से मां प्रसन्न होती हैं और प्रज्ञा को तीव्र करती हैं। पंडित मिश्रा ने कहा कि मां सरस्वती के अवतरण दिवस के अवसर पर ही बच्चों को शिक्षित करने के कार्य का शुभारंभ किया जाता है। टांडा नगर स्थित सरस्वती विद्या मंदिर उच्चतर माध्यमिक विद्यालय मे वसंत पंचमी का पर्व धूमधाम से मनाया गया। इस अवसर पर विद्यालय मे कार्यक्रम का शुभारंभ पं. दिवाकर शर्मा ने मंत्रोच्चार के साथ किया ।
प्रधानाचार्य महेन्द्र सिंह ने छात्र छात्राओं को वसंत ऋतु को ऋतुराज बताते हुए उसके महत्व पर प्रकाश डाला। इसके अलावा क्षेत्र के गांव सरकथल स्थित सरस्वती कन्या महाविद्यालय मे भी बसंत पंचमी के अवसर पर छात्राओं ने रंगारग कार्यक्रम प्रस्तुत कर धूमधाम से मनाया। इस दौरान छात्राओं ने मां सरस्वती वंदना प्रस्तुत की। शाहबाद में वसंत पंचमी के मौके पर ढकिया गांव स्थित सरस्वती शिशु विद्या मंदिर में मां सरस्वती का जन्मदिन पर छात्र, छात्राओं व शिक्षकों ने हवन कर आहुति दी। बिलासपुर मेंवसंत पंचमी के मौके पर बुधवार को ब्रहम्मदत्त सरस्वती विद्या मंदिर में मां सरस्वती की वंदना हुई। प्रधानाचार्य राजीव कुमार ने वीर हकीकत राय के जीवन पर प्रकाश डाला। मिल्टन एजूकेशनल एकेडमी में प्रबंधक बीएस मल्ही ने दीप प्रज्जवलित किया।