पटवाई। गांव मिलक तेहबर में बीमारी से युवक की मौत के बाद ग्रामीण रास्ता न होने पर अर्थी लेकर श्मशान घाट मुश्किल से पहुंचे, जिस पर गुस्साए ग्रामीणों ने अंतिम संस्कार से पहले विरोध प्रदर्शन किया। सूचना पर पहुंची पुलिस की मौजूदगी में अंतिम संस्कार किया गया।
रविवार को गांव निवासी भगवानदास की बीमारी से मौत हो गई थी, सोमवार को ग्रामीण अंतिम संस्कार के लिए अर्थी लेकर निकले तो श्मशान घाट जाने के लिए रास्ता नहीं था। किसी तरह खेतों की मेड़ों से होकर ग्रामीण अर्थी लेकर श्मशान घाट पहुंचे। रास्ता न होने की वजह से ईंधन का वाहन भी श्मशान घाट नहीं पहुंच सका, जिससे काफी दिक्कत हुई। नाराज ग्रामीणों ने श्मशान घाट के पास शव रखकर कई घंटे तक प्रदर्शन किया। सूचना पर पहुंची पुलिस की मौजूदगी में ईंधन का वाहन खेतों से निकालकर श्मशान घाट तक लाया गया।
बाद में हल्का लेखपाल ने पहुंचकर श्मशान घाट की जमीन और रास्ते की जांच की। लोगों को कहना है कि बारिश के मौसम में श्मशान घाट तक कैसे पहुंचा जाएगा। कहा कि कई बार प्रधान और संबंधित अधिकारियों से शिकायत कर चुके हैं, लेकिन समस्या का समाधान नहीं हो सका है। चेतावनी दी कि यदि जल्द ही समस्या का समाधान नहीं हुआ तो सड़क पर ही अंतिम संस्कार किए जाएंगे।
वर्जन
लोगों की मांग पर श्मशान घाट की जमीन की नापजोख कर दी गई है, लेकिन श्मशान घाट तक जाने के लिए कागजों में रास्ता नहीं है। ग्रामीण रास्ते की मांग कर रहे हैं। - शिल्पा शर्मा, लेखपाल