शाहबाद। उपजिलाधिकारी घनश्याम त्रिपाठी ने बुधवार को सुबह साढ़े दस बजे सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र का आकस्मिक निरीक्षण किया तो उन्हें पांच डाक्टरों सहित 13 कर्मचारी अनुपस्थित मिले। एसडीएम के निरीक्षण से सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में कर्मचारियों में खलबली मची रही।
एसडीएम के निरीक्षण के दौरान यूनानी डाक्टर महजबीन खां काफी समय से अस्पताल से अनुपस्थित पाए गए। इसके अलावा डा. नबल सिंह, डा. मंजू रानी, डा. सलीम अख्तर, डा. जुबैर खां भी अनुपस्थित मिले। इसी तरह से अर्श काउंसलर अर्चना सक्सैना, डाटा अपरेटर संजय कुमार, स्टाफ नर्स पंकज दिवाकर, नीतू, शकुंतला शर्मा भी अनुपस्थित मिली। संविदा कर्मी सबिश्ता खानम, शहनवाज और गौरव वार्ष्णेय भी अनुपस्थित मिले। एसडीएम ने बताया अनुपस्थित मिले उपरोक्त सभी कर्मचारियों के जून, जुलाई माह में छुटटी के लिए लिखे गए प्रार्थना पत्र उपस्थिति रजिस्टर में रखे मिले। लेकिन इन प्रार्थना पत्रों पर चिकित्साधीक्षक द्वारा न तो स्वीकृति प्रदान की गई थी और न ही प्रार्थना पत्रों को खारिज किया गया था। चिकित्साधीक्षक से छुटटी का रजिस्टर भी तलब किया गया। लेकिन वे छुटटी का रजिस्टर नहीं दिखा सके। जिसके कारण अनुपस्थित मिले कर्मचारियों से उनकी भी साठगांठ होना प्रतीत होता है। एसडीएम ने चिकित्साधीक्षक सहित सभी अनुपस्थित कर्मचारियों के खिलाफ कार्रवाई किए जाने के लिए संस्तुति की है। साथ ही अस्पताल के पुरुष वार्ड में बेडों पर गंदी चादरें बिछी पाए जाने पर भी एसडीएम ने नाराजगी जाहिर की थी।