गुरुबख्शगंज थाना क्षेत्र के किलौली गांव में महिला की मौत के बाद रोते बिलखते परिजन।
सतांव। पति की पिटाई से घायल मनोरमा (50) ने शनिवार को एम्स में इलाज के दौरान दम तोड़ दिया। किलौली गांव की महिला की मौत से लोगों मेंं आक्रोश व्याप्त हो गया। लोगों ने घटना के छह दिन बाद भी आरोपी पति की गिरफ्तारी न होने पर पुलिस की कार्यशैली पर सवाल उठाए। महिला की मौत के बाद पुलिस और फोरेंसिक टीम ने गांव पहुंचकर घटना की पड़ताल की। पुलिस आरोपी की जल्द गिरफ्तारी करने का दावा कर रही है।
गांव निवासी रामशंकर उर्फ पुत्ती (55) ने बीते मंगलवार को पत्नी मनोरमा को पशुओं को चारा देने के लिए कहा था। चारा देने में पत्नी मनोरमा ने देरी की। बस इतनी सी बात पर गुस्साए रामशंकर ने पत्नी मनोरमा को ईंट व डंडों से पीट दिया। इससे मनोरमा के सिर पर गंभीर चोटें आईं। गंभीर रूप से घायल मनोरमा का इलाज एम्स में चल रहा था, जहां सुबह उनकी मौत हो गई।
मृतक महिला की बेटी नेहा ने पिता के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराई थी। बावजूद पुलिस आरोपी को गिरफ्तार करने में टालमटोल करती रही। ग्रामीणों ने घटना पर नाराजगी जताई। कार्रवाई न होने पर प्रदर्शन करने की चेतावनी दी। महिला के शव का अंतिम संस्कार रविवार को होगा।गुरुबख्शगंज थाना प्रभारी संजय कुमार सिंह ने बताया कि महिला की मौत के बाद मामले में गैर इरादतन हत्या की धारा बढ़ाई जाएगी। जल्द आरोपी पति को जेल भेजा जाएगा।
अब कैसे चलेगा परिवार...
पिता रामशंकर खेती व मां मनोरमा जानवरों की देखभाल करके परिवार की रोजी-रोटी चला रहे थे। मृतक मनोरमा के दो बेटे अमित व अनुराग तथा तीन बेटियां नेहा, श्रेया व अनुष्का है। परिवार की हालत ठीक नहीं है। परिवार के किसी भी बेटे व बेटी की शादी नहीं हुई है। बड़ी बेटी नेहा भी एक प्राइवेट नौकरी करके रोजी-रोटी करती है। मां की मौत ने बेटी के सामने दुखों का पहाड़ खड़ा कर दिया। बिलखती हुई नेहा कहती हैं कि अब कैसे चलेगा परिवार, मां तो सबको छोड़ कर चली गई। मनोरमा की मौत से परिजनों के आंसू नहीं थम रहे हैं।