रायबरेली। जिला अस्पताल में आरओ प्लांट का ताला खोलने के बाद फिर बंद कर दिया गया है। बुधवार को मरीजों को पानी बाहर से लाना पड़ा। अस्पताल प्रशासन मनमानी पर पूरी तरह से उतारू है।
अपर निदेशक ने मंडलीय सर्विलांस अधिकारी डॉ. उमेश सचान की टीम को बीती 25 अक्तूबर को जांच के लिए भेजा था। जांच में वाटर आरओ प्लांट, वृद्धजन वार्ड और पीडियाट्रिक आईसीयू के लिए स्थापित मिनी ऑक्सीजन प्लांट में ताला मिला था। डेंगू वार्ड में लगाए गए कूलर में गंदा पानी मिला था। रिपोर्ट मिलने के बाद अपर निदेशक ने सीएमएस को व्यवस्था के सुधारने के आदेश दिए थे।
बीते सोमवार को आरओ प्लांट का ताला खोल दिया गया था। इससे वार्ड में भर्ती मरीजों को काफी सहूलियतें मिलनी शुरू हो गई थीं, लेकिन बुधवार को फिर से आरओ प्लांट में ताला जड़ दिया गया। मरीजों के साथ आए सुधीर सिंह, वीरेंद्र कुमार गुप्ता आदि ने बताया कि अस्पताल में मरीजों के लिए सुविधाएं नदारद हैं। आरओ प्लांट में ताला बंद किए जाने से बाजार से पानी लाना पड़ रहा है। अपर निदेशक (चिकित्सा स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण) लखनऊ डॉ. जीपी गुप्ता का कहना है कि मामला संज्ञान में है। सीएमएस से आरओ प्लांट में ताला बंद कराने के संबंध में जवाब मांगा जाएगा।