रायबरेली। जमीन के विवाद के चलते और नशेड़ी कहे जाने से खफा भतीजे ने ही मां और बेटी की हत्या की थी। वारदात को अंजाम देने के बाद घर पर रखी नकदी, जेवरात लेकर आरोपी अमेठी फरार हो गया था। एसओजी और नसीराबाद पुलिस ने रविवार को ब्लाइंड मर्डर का रविवार को पर्दाफाश करते हुए आरोपी को गिरफ्तार कर लिया। सोते समय एक के बाद एक कुल्हाड़ी से वार करके उसने मां-बेटी को मौत के घाट उतारा था।
पकड़े गए आरोपी की निशानदेही पर पुलिस ने वारदात में प्रयुक्त कुल्हाड़ी और चोरी किए गए जेवरात और नकदी भी बरामद की है। पुलिस कार्यालय स्थित किरण हाल में एसपी श्लोक कुमार ने रविवार को बताया कि नसीराबाद थाना क्षेत्र के हाजीपुर गांव निवासी जमील अहमद की पत्नी सफीकुन निशा (45) और उसकी बेटी तमन्ना उर्फ खुशी (12) की बुधवार रात हत्या कर दी गई थी।
वारदात का खुलासा करने के लिए पांच पुलिस टीमें लगाई गईं थीं। एसओजी टीम प्रभारी अमरेश कुमार त्रिपाठी, नसीराबाद थानेदार श्रीराम पांडेय ने पुलिस टीम के साथ अमेठी से वारदात में शामिल आरोपी जमील अहमद के भतीजे मो.सैफ उर्फ इमरान को दबोच लिया। उन्होंने बताया कि जमील और आरोपी के बीच जमीन का विवाद चल रहा है। आरोपी नशे का आदी था। मृतका और उसकी बेटी आरोपी को नशेड़ी कहती थीं। इसलिए आरोपी ने दोनों की हत्या करने की ठान ली थी।
वारदात वाले दिन सीढ़ी लेकर छत के रास्ते से घर में घुसा और सोते समय कुल्हाड़ी का प्रयोग करके मां-बेटी की हत्या कर दी। इसके बाद घर में रखे बक्से को तोड़कर उसमें रखे जेवरात के साथ ही दो हजार रुपये की नकदी लेकर पैदल अमेठी पहुंच गया। नकदी, जेवरात बेचकर वह स्मैक पीना चाहता था। इससे पहले ही वह पुलिस के हत्थे लग गया।
आरोपी की निशानदेही पर घटना में प्रयुक्त की गई कुल्हाड़ी के अलावा एक हजार रुपये की नकदी, एक जोड़ी पायजेब, चार पायल, एक बिछिया, एक मंगलसूत्र, एक कान की बाली, एक लॉकेट, एक अंगूठी और मृतका का आधार कार्ड बरामद किया गया है। पूछताछ के बाद आरोपी को जेल भेज दिया गया। एसपी का कहना है कि आरोपी को पहले ही इस बात की जानकारी हो गई थी कि उसका चाचा जमील अहमद मौसी के घर गया हुआ है।
घर पर मां-बेटी के अलावा कोई नहीं है। इस वजह से उसने मर्डर की योजना बनाई और स्वयं गांव के ही कल्लूू खटिक की सीढ़ी ली और छत के रास्ते घर के अंदर जाकर सनसनीखेज वारदात को अंजाम दे दिया। डबल मर्डर का पुलिस ने भले ही खुलासा कर दिया, लेकिन खाकी की थ्योरी किसी के गले नहीं उतर रही है। वारदात के बाद लूट और चोरी से इंकार करने वाली खाकी अब दावा कर रही है कि जमीन विवाद और नशेड़ी कहने पर वारदात को अंजाम दिया गया।
वारदात के बाद आरोपी ने चोरी भी की। हत्या की धारा के साथ ही चोरी की धारा भी मामले में बढ़ा दी गई। डबल मर्डर के खुलासे के बाद से पीड़ित परिवार को इंसाफ मिलने की उम्मीद जरूर बंधी है, लेकिन मर्डर के बाद से अफसरों के जवाब और फिर खुलासे की कहानी किसी को समझ में नहीं आ रही है। अमर उजाला ने ‘रविवार’ के अंक में प्रकाशित खबर ‘डबल मर्डर में अहम सुराग का दावा’ में मर्डर के खुलासे का जिक्र किया था।
खबर में लिखा कि पुलिस की जांच में एक युवक का नाम सामने आया है, जो नशेड़ी है। वारदात को अंजाम देने में उसकी ही भूमिका है। पुलिस कार्यालय में रविवार शाम जब डबल मर्डर का खुलासा किया गया तो ‘अमर उजाला’ की खबर पर मोहर लग गई।