रायबरेली। सलोन कस्बे में पशु आहार की दुकान पर छह सितंबर को भारी मात्रा में पुष्टाहार (पंजीरी) व दूध निकालने वाले प्रतिबंधित इंजेक्शन बरामद होने के बाद शासन के आदेश पर गठित 11 अधिकारियों की टीमों ने सलोन, डीह और राही ब्लॉक के 186 आंगनबाड़ी केंद्रों की जांच की। छापे के दौरान बरामद पोषाहार में इन ब्लॉकों की मोहर लगी बोरियां भी बरामद हुई थी।
आंगनबाड़ी केंद्रों पर महिलाओं व बच्चों में बांटने के लिए पुष्टाहार दिया जाता है। छह सितंबर को सलोन कस्बे में जगतपुर मार्ग स्थित राधेश्याम पशु आहार भंडार की दुकान व गोदामों पर छापा मारकर भारी मात्रा में पोषाहार बरामद किया गया था। पशुओं से दूध निकालने वाले इंजेक्शन भी बरामद किए थे। मामले में कई लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया गया था।
बरामद बोरियों पर प्रतापगढ़ जिले की परियोजनाओं रामपुर खास, संग्रामपुर, प्रतापगढ़ आदि का नाम लिखा हुआ था। इसके अलावा जिले के सलोन, राही और डीह ब्लॉक का पोषाहार भी बरामद हुआ था। मामले में बाल विकास पुष्टाहार विभाग के आदेश पर 11 अधिकारियों की टीम गठित करके तीनों ब्लॉकों के आंगनबाड़ी केंद्रों की जांच के आदेश दिए गए।
जिला कार्यक्रम अधिकारी शरद त्रिपाठी, सीडीपीओ हरचंदपुर शरद कपूर, सीडीपीओ गौरा संजय कुमार सिंह, सीडीपीओ शहर संध्या श्रीवास्तव, सीडीपीओ ऊंचाहार सत्यजीत सिंह, सीडीपीओ महराजगंज एके पांडेय, सीडीपीओ शिवगढ़ सुशीला देवी, सीडीपीओ बछरावां अंजना अवस्थी आदि की टीम ने तीनों ब्लॉकों के 186 आंगनबाड़ी केंद्रों पर पहुंचकर पोषाहार के स्टाक की जांच की।
पोषाहार की कालाबाजारी के मामले में सलोन, डीह और छतोह के आंगनबाड़ी कार्यकर्ता, सुपर वाइजरों और सीडीपीओ पर कार्रवाई हो सकती है। जांच अधिकारी जांच पूरी करके अपनी रिपोर्ट जिला कार्यक्रम अधिकारी को सौंपेंगे। रिपोर्ट की समीक्षा के बाद पोषाहार की कालाबाजारी की पुष्टि होने के बाद कार्रवाई होगी।
जिला कार्यक्रम अधिकारी शरद कुमार त्रिपाठी ने बताया कि सलोन के राधेश्याम पशु आहार भंडार पर छापे में बरामद पोषाहार में कुछ बोरियां सलोन, डीह और राही ब्लॉकों की थी। शासन के आदेश पर 11 टीमों के माध्यम से जांच कराया गया है। रिपोर्ट आ रही है। जल्द ही संबंधितों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।