रायबरेली। जिले में गर्मी और उमस से बीच बिजली ने रंग दिखाना शुरू कर दिया है। जर्जर ढांचा ओवरलोड होने के कारण कहीं लाइन में फॉल्ट आ रही है, तो कहीं केबल फुंक रही है। शनिवार को फाॅल्ट, तो कहीं केबल फुंकने से कई घंटे बिजली गुल रही। इससे लोगों को पेयजल संकट से जूझना पड़ा।
यह हाल तब है, जब पूरे साल अभियंता मरम्मत कार्य कराते हैं। इसके नाम पर करोड़ों रुपये खर्च होते हैं। शहर के इंदिरा नगर, प्रगतिपुरम, तेलियाकोट, गोराबाजार, आचार्य द्विवेदी नगर से जुड़े मोहल्लें के लोग ट्रिपिंग की समस्या से जूझ रहे हैं। तेलियाकोट उपकेंद्र से निकले राजघाट के पास केबल में फाॅल्ट आया।
इससे दोपहर 12 बजे से दो बजे तक बिजली गुल रही। कर्मियों ने किसी तरह केबल को जोड़कर बिजली आपूर्ति बहाल कराई। विद्युत उपकेंद्र कठगर की 33 केवी लाइन में फॉल्ट आने से शनिवार की दोपहर दो बजे से छह बजे तक बिजली गुल रही। लालगंज प्रतिनिधि के मुताबिक क्षेत्र के विद्युत उपकेंद्र बरस के लिए डलमऊ से आने वाली 33 केवी लाइन की अंडरग्राउंड केबल फुंक गई।
इससे सुबह छह बजे बिजली गुल हो गई जो शाम पांच बजे आई। बरस, गंगापुर, देवगांव, डकोली, रामपुर समेत 50 गांव के लोग गर्मी और उमस से जूझते रहे। ग्रामीण महेंद्र कुमार, धर्मेंद्र कुमार यादव, सुरेंद्र कुमार यादव, पवन कुमार ने बताया कि 33 केवी और 11 केवी लाइनों के तार जर्जर हैं।
यही वजह है कि आए दिन कहीं न कहीं फॉल्ट बना रहता है। बिजली नहीं आने से किसान धान की नर्सरी नहीं डाल पा रहे हैं। सुबह से बिजली गुल होने से लोग पानी की समस्या से जूझते रहे। दोपहर बाद तक बिजली आपूर्ति बहाल नहीं हो सकी थी। अवर अभियंता संजय कुमार ने बताया कि फॉल्ट को ठीक किया जा रहा है।
18 में महज मिल रही आठ घंटे बिजली
बछरावां। जैसे-जैसे गर्मी बढ़ रही है, वैसे-वैसे बिजली कटौती बढ़ती जा रही है। हालत यह हैं कि 18 घंटे में महज आठ घंटे बिजली मिल रही है। लो वोल्टेज की समस्या से लोगों को जूझना पड़ रहा है। उपभोक्ता सत्यदेव, सचिन, राम भारत, अभिषेक ने बताया कि दिन में कभी एक घंटे, तो कहीं दो घंटे बिजली मिलती है। लो वोल्टेज की चलते पानी मोटर, एसी ,पंखा, कूलर, फ्रिज काम नहीं करते हैं। जेई राम नाथ ने बताया कि लोकल स्तर पर कोई कटौती नहीं की जाती है। ट्रांसमिशन से जितनी बिजली मिलती है, उतनी आपूर्ति की जाती है।
बिजली की आवाजाही से बढ़ रहा गुस्सा
शिवगढ़। क्षेत्र में बिजली की आवाजाही से लोगों में गुस्सा बढ़ रहा है। पहाड़पुर गांव निवासी राजेश त्रिवेदी, शिवगढ़ कस्बा निवासी उमाकांत अवस्थी, पिपरी निवासी सुखराम रावत, शिवराम रावत, बैंती निवासी उदय राज मौर्य, देहली निवासी बृजेंद्र द्विवेदी, सूरजपुर निवासी पंकज सिंह भदौरिया ने बताया कि बिजली व्यवस्था में बेपटरी होने के कारण इनवर्टर की बैटरी चार्ज नहीं हो पाती। मोबाइल के सहारे घर के काम निपटाने पड़ते हैं। एसडीओ प्रमोद कुमार वर्मा ने बताया कि रोस्टिंग ऊपर से तय होती है। जितनी बिजली मिल रही है, उतनी आपूर्ति की जाती है।