रायबरेली। जिले में गुरुवार को मौसम का मिजाज एकाएक बदल गया। सुबह से ही तेज हवा चल रही थी। शाम को काले बादल उमड़ने घुमड़ने लगे और कुछ ही देर में बारिश होने लगी।
बारिश के साथ ओलावृष्टि भी हुई। तेज हवा और ओलावृष्टि से फसलों को भी नुकसान हुआ है। अचानक बदले मौसम से ठंड बढ़ गई है।
इधर एक सप्ताह से मौसम काफी साफ था। धूप भी निकल रही थी। गुरुवार को सुबह से ही मौसम का मिजाज बदलने लगा। तेज हवा के साथ बादल भी आते-जाते रहे। इससे हल्की धूप ही नजर आई। शाम होते ही आसमान काले बादलों से घिर गया। कहीं बूंदाबांदी तो कहीं बारिश हुई। तेज हवाएं भी खूब चली।
शिवगढ़, खीरों समेत कई क्षेत्रों में ओलावृष्टि भी हुई है। कृषि वैज्ञानिक डॉ. आरके कनौजिया ने बताया कि कहीं-कहीं ओलावृष्टि हुई है। इससे आलू, सरसों, टमाटर, फूल गोभी समेत कई सब्जियों की फसल को नुकसान हुआ है, जबकि गेहूं की फसल को फायदा मिलेगा।
शिवगढ़ प्रतिनिधि के मुताबिक शाम लगभग सात बजे बरसात के साथ ओलावृष्टि होने लगी। इससे किसानों की दलहनी व तिलहनी फसलों को नुकसान हुआ है।
किसान नंदकिशोर तिवारी, रतीपाल रावत, पंकज मिश्रा, विष्णु कुमार गोस्वामी, ललित तिवारी, राहुल द्विवेदी, उमेश सिंह, लालसिंह, प्रदीप सिंह आदि ने बताया कि किसानों की चिताएं बढ़ गई हैं।
खीरों प्रतिनिधि के मुताबिक बारिश के साथ हुई ओलावृष्टि से फसलों को काफी नुकसान पहुंचा है। किसानों की तिलहनी, सब्जी के साथ रबी की फसल प्रभावित हुई है। किसानों ने फसलों को हुए नुकसान का मुआवजा देने की मांग की है।