रायबरेली। प्रधानमंत्री जन आरोग्य योजना के तहत चयनित लाभार्थियों को आयुष्मान कार्ड से आच्छादित करने के लिए स्वास्थ्य विभाग की ओर से चलाए गए विशेष अभियान को बड़ी सफलता मिली है।
10 से 31 मार्च तक चले अभियान में लखनऊ को पछाड़ कर जिले ने 51298 गोल्डन कार्ड बनाकर प्रदेश में पांचवां स्थान हासिल किया। अभियान में लखनऊ में 36480 गोल्डन कार्ड बनाए गए।
जिले के गरीबों को कैशलेस इलाज की सुविधा देने के लिए आयुष्मान भारत योजना संचालित की गई है। योजना के तहत लाभार्थी को एक साल में पांच लाख रुपये तक कैशलेस इलाज की सुविधा देने की व्यवस्था है।
जिले में करीब तीन लाख परिवारों के 13 लाख लोगों को योजना से जोड़ा गया है। योजना के लाभ के लिए गोल्डन कार्ड होना जरूरी है। शासन ने अधिक से अधिक लाभार्थियों को गोल्डन कार्ड जारी करने के लिए बीती 10 मार्च से 31 मार्च तक विशेष अभियान चलाया। 21 दिनों के अभियान में जिले में 51298 लोगों को गोल्डन कार्ड जारी हुए। आयुष्मान कार्ड बनाने में प्रदेश स्तर पर हुई रैंकिंग में रायबरेली को तीसरा स्थान मिला है।
आयुष्मान भारत के डिस्टिक्ट इंफार्मेशन सिस्टम मैनेजर अनुराग तिवारी ने बताया कि आयुष्मान कार्ड बनाने के लिए ग्रामपंचायत स्तर पर कैंप लगाए गए। चयनित लाभार्थियों का सुविधाजनक तरीके से कार्ड बनवाने में आशा बहू, आंगनबाड़ी कार्यकर्ता व अन्य पंचायत कर्मचारियों ने योगदान दिया। सभी के सहयोग से 51 हजार से अधिक गोल्डन कार्ड बनाए गए। प्रदेश में जिले की पांचवीं रैंक रही है। गोल्डन कार्ड बनाने का काम लगातार जारी है।