हरचंदपुर थाना क्षेत्र के गुलूपुर गांव के पास खेत में टूटे पड़े एचटी लाइन के तार की चपेट में आकर करंट से एक किसान की मौत हो गई। रविवार सुबह यह हादसा उस वक्त हुआ जब किसान धान के खेत में पानी लगाने गया था।
पावर कॉर्पोरेशन की लापरवाही का आलम यह रहा कि पूरी रात टूटा हुआ तार जमीन पर पड़ा रहा। न तो कोई उसे बनाने पहुंचा और न ही आपूर्ति बंद कराई गई। यही नहीं सूचना के बावजूद किसी कर्मचारी ने ध्यान नहीं दिया। हादसे के बाद आपूर्ति बंद कराई गई। इससे ग्रामीणों में नाराजगी है।
शहर कोतवाली क्षेत्र के दाउदपुर का रहने वाला अनूप कुमार चौधरी (30) हरचंदपुर थाना क्षेत्र के नहर चौराहा निवासी अपने दोस्त सुरेंद्र कुमार के यहां तीन साल से रहता था। अनूप यहां सुरेंद्र की खेती का काम देखता था। रविवार सुबह अनूप गुलूपुर के पास स्थित खेत में धान की फसल की सिंचाई करने के लिए गया था।
बताते हैं कि खेतों के पास से ही गंगागंज फीडर की लाइन गुजरी है। इस लाइन का तार खेत में टूटा पड़ा था और उसमें विद्युत आपूर्ति भी हो रही थी। सिंचाई के दौरान किसान टूटे पड़े तार की चपेट में आ गया। इससे करंट से उसकी मौके पर ही मौत हो गई।
आसपास के ग्रामीण मौके पर पहुंचे। पावर कॉर्पोरेशन को सूचना देकर आपूर्ति बंद कराई। पुलिस और कॉर्पोरेशन के अफसर मौके पर पहुंचे। इलाकाई ग्रामीणों ने घटना के लिए पावर कॉर्पोरेशन के अफसरों और कर्मचारियों को जिम्मेदार बताया।
आरोप लगाया कि शनिवार रात ही तार टूट कर गिर गया था। इसकी सूचना उपकेंद्र पर दी गई। पहले तो कर्मचारियों ने फोन नहीं उठाया। फिर जब फोन उठा तो तार टूटने के बारे में बताया गया। इसके बावजूद कोई कर्मचारी मौके पर नहीं पहुंचा।
यही नहीं फीडर की विद्युत आपूर्ति भी बंद नहीं कराई गई। यदि समय रहते कर्मचारी चेत जाते तो यह हादसा न होता। ग्रामीणों ने दोषी कर्मचारियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की। थानेदार रणजीत सिंह ने बताया कि शव कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया है।
घटना के बाद पावर कॉर्पोरेशन के अभियंता अपनी लापरवाही को छिपाने में जुट गए हैं। प्रत्यक्षदर्शियों की माने तो तार टूट कर जमीन पर पड़ा था, जबकि हरचंदपुर उपकेंद्र के जेई मुकेश भारती का कहना है कि इंश्यूलेटर पंचर होने से गंगागंज फीडर का तार ढीला हो गया था।
तार जमीन पर नहीं गिरा था। यदि तार जमीन पर गिरा होता तो लाइन ट्रिप कर जाती। जेई ने ग्रामीणों द्वारा उपकेंद्र पर सूचना देने की बात से भी इंकार किया। पावर काॅर्पाोरेशन के एक्सइर्ईएन अशाोक कुमार ने बताया कि पीड़ित परिवार को तत्काल 20 हजार की आर्थिक मदद दिला दी गई है। विद्युत निदेशालय से घटना की जांच कराई जाएगी। जांच रिपोर्ट मिलने के बाद मृतक के परिवार को दो लाख की आर्थिक मदद दिलाई जाएगी।